भारतीय महिला हॉकी टीम का टोक्यो ओलंपिक में पदक जीतने का सपना अधूरा रह गया। भारतीय टीम को कांस्य पदक मुकाबले में ब्रिटेन के हाथों 4-3 से हार का सामना करना पड़ा। इस हार के साथ ही भारतीय टीम ओलंपिक में पहली बार पदक जीतने से चूक गई, हालांकि हार के बावजूद भारतीय टीम इतिहास रचने में सफल रही और पहली बार चौथे स्थान पर रही।
आखिरी के तीन मिनट का खेल बाकी, भारतीय टीम गोल करने की पूरी कोशिश कर रही है, लेकिन ब्रिटेन की रक्षा पंक्ति भी टिकी हुई है।
भारत को पैनल्टी कॉर्नर मिला तो ग्रेट ब्रिटेन ने रेफरल गंवाया। हालांकि गुरजीत कौर इस बार गोल करने में नाकाम रहीं। ब्रिटेन अभी भी 4-3 से आगे।
ब्रिटेन ने इस बार गलती नहीं की और सातवें पैनल्टी कॉर्नर से गोल करने में सफल। ब्रिटेन की तरफ से इस बार 48वें मिनट में बाल्सडन ने गोल किया। ब्रिटेन अब 4-3 से आगे
आखिरी क्वार्टर शुरू होते ही ब्रिटेन को चौथा पैनल्टी कॉर्नर मिला। वहीं भारत की उदिता को येलो कार्ड भी दिया गया, यानि उदिता अब अगले पांच मिनट तक बाहर रहेंगी। उधर ब्रिटेन फिर से गोल करने में नाकाम रहा।
मैच के आखिरी 15 मिनट का खेल बाकी।
तीसरा क्वार्टर समाप्त हो चुका है और भारत-ब्रिटेन दोनों 3-3 की बराबरी पर हैं।
भारत का सफल रेफरल, मिला एक और पैनल्टी कॉर्नर। लेकिन गुरजीत कौर के बाहर होने की वजह से दूसरी खिलाड़ी ने स्ट्रोक लिया और नाकाम रहीं।
तीसरा क्वार्टर का खेल जारी है, अगर बात करें अभी तक दोनों टीमों की तो ब्रिटेन को तीन पैनल्टी कॉर्नर मिले हैं और वह सभी में नाकाम रही है। वहीं भारतीय टीम ने पांच पैनल्टी कॉर्नर में से दो को गोल में तब्दील किया है।
तीसरा क्वार्टर में ब्रिटेन ने पांच मिनट के अंदर ही अपना तीसरा गोल किया। ब्रिटेन की तरफ से इस बार 35वें मिनट में वेब ने गोल किया। दोनों टीमें अब बराबरी पर।
हाफ टाइम के बाद भारत मजबूत स्थिति में है, हालांकि अगले 30 मिनट का खेल जारी है और यह बेहद महत्वपूर्ण होगा। तीसरा क्वार्टर शुरू हो चुका है।
दूसरा क्वार्टर भारत के लिए बेहद शानदार रहा है। ब्रिटेन से 0-2 से पिछड़ने के बाद भारतीय टीम ने जोरदार वापसी की और 3-2 की बढ़त ले ली। भारत की तरफ से 29वें मिनट में वंदना कटारिया ने शानदार फिल्ड गोल किया।
गुरजीत कौर ने भारत की जोरदार वापसी कराई है। भारत को तीसरा पैनल्टी कॉर्नर मिला और इस बार भी गुरजीत ने कोई गलती नहीं की और अपना दूसरा गोल दाग दिया। इसके साथ ही स्कोर भी अब 2-2 हो गया है।
भारत को दूसरा पैनल्टी कॉर्नर मिला और इस बार गुरजीत कौर ने गलती नहीं की और भारत की तरफ से पहला गोल दाग दिया।
ब्रिटेन की तरफ से 24वें मिनट में रॉबर्ट्सन ने गोल किया। ब्रिटेन 1-0 से आगे।
भारत की निशा को ग्रीन कार्ड दिया गया है और वह दो मिनट के लिया बाहर हो गई हैं।
भारतीय टीम को 20वें मिनट में पहला पैनल्टी कॉर्नर मिला है। लेकिन टीम ने डिफ्लेक्शन से गोल करने की कोशिश की जो नाकाम रही।
ब्रिटेन को तीसरा पैनल्टी कॉर्नर मिला लेकिन एक बार फिर से वे नाकाम रहे।
दूसरे क्वार्टर के शुरू होने के तुरंत बाद 16वें मिनट में ब्रिटेन ने अपना पहला गोल किया। ब्रिटेन की तरफ से इलेना रायर ने पहला गोल किया।
पहले क्वॉर्टर में दोनों टीमें कोई गोल नहीं कर पाई हैं। अब दूसरे क्वार्टर का खेल शुरू।
पहले क्वार्टर में ब्रिटेन की टीम ज्यादा बेहतर खेली है और भारतीय टीम पर हावी रही है। हालांकि भारतीय गोलकीपर सविता पूनिया अभी तक शानदार रही हैं। उन्होंने ब्रिटेन के दो पैनल्टी कॉर्नर के अलावा कई शॉट भी रोके हैं।
भारतीय टीम की रक्षा पंक्ति अभी तक कमजोर नजर आई है लेकिन उसकी गोलकीपर सविता पूनिया मजबूती से खड़ी हैं। उन्होंने लगातार दो बार ब्रिटेन के शॉट का बचाव किया।
पहले क्वार्टर में सिर्फ पांच मिनट का खेल बाकी है और ब्रिटेन को उसका दूसरा पैनल्टी कॉर्नर मिल गया। हालांकि ब्रिटेन इस बार फिर से गोल करने में नाकाम रहा।
ग्रेट ब्रिटेन को तीसरे ही मिनट में पहला पैनल्टी कॉर्नर मिला है लेकिन भारतीय गोलकीपर सविता पूनिया ने शानदार तरीके से बचाव किया।
दोनों देशों के राष्ट्रगान के साथ मुकाबला शुरू
दोनों टीमों के बीच अभी तक दो मुकाबले खेले गए हैं जिसमें ग्रेट ब्रिटेन का पलड़ा भारी रहा है। इसमें दोनों मुकाबले ब्रिटेन ने ही जीते हैं।
नमस्कार, अमर उजाला.कॉम के लाइव ब्लॉग में आप सभी का स्वागत है। आज एक नया सवेरा और नया दिन है, जो भारत के लिए ऐतिहासिक और यादगार बन सकता है। भारतीय महिला हॉकी टीम के पास ओलंपिक इतिहास का अपना पहला पदक जीतने का मौका है। उसके लिए उसे कांस्य पदक मुकाबले में ग्रेट ब्रिटेन की चुनौती से पार पाना होगा।