भाजपा ने जेपीएससी-जेएसएससी परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के खिलाफ आंदोलन कर रहे छात्रों पर पुलिस लाठीचार्ज के विरोध में 11 अगस्त को झारखंड बंद का आह्वान किया है। पार्टी ने सरकार पर छात्रों की आवाज दबाने का आरोप लगाया है।
छात्र आंदोलन के दौरान हुए लाठीचार्ज में जेएलकेएम नेता देवेंद्र नाथ महतो की तबीयत बिगड़ गई। इसके बाद पुलिस उनको एम्बुलेंस में बैठाकर अपने साथ ले गई। पुलिस ने उन्हे कहां रखा है। यह जानकारी अब तक सामने नहीं आई है। माना जा रहा है उनको अस्पताल मे भर्ती किया गया है।
झारखंड में छात्र आंदोलन के दौरान एक बार फिर पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज किया। जेपीएससी-जेएसएससी की मांगों को लेकर जारी प्रदर्शन के बीच पुलिस कार्रवाई से मौके पर तनाव बढ़ गया।
छात्र आंदोलन को लेकर राहुल गांधी ने सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि विरोध-प्रदर्शन कर रहे छात्रों के खिलाफ बल का इस्तेमाल गलत है। राहुल गांधी ने छात्रों के शांतिपूर्ण प्रदर्शन के अधिकार का समर्थन करते हुए कहा कि बातचीत के जरिए ही किसी समस्या का समाधान निकाला जा सकता है। उन्होंने झारखंड सरकार से छात्रों की मांगों को सुनने और उनकी समस्याओं का जल्द से जल्द समाधान करने की अपील की।
रांची में प्रदर्शन कर रहे छात्र विधानसभा के गेट नंबर एक पर पहुंच चुके हैं। यहां छात्रों ने धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया है। मौके पर पुलिस बल तैनात है। स्थिति को नियंत्रित करने के प्रयास जारी हैं। सीएम छात्रों के आने से पहले विधानसभा से निकल चुके थे। सीएम के निकलने के बाद सुरक्षा बल भी जब सुस्त हुए तो छात्रों का सैलाब विधानसभा की ओर मार्च किया और एक निम्बर गेट कर आ धमाके। सुरक्षा में तैनात पुलिस कर्मियों ने भी छात्रों के जनसैलाब को रोकने की हिम्मत नहीं की क्योंकि सुरक्षा कर्मियों से अधिक छात्रों की संख्य थी। छात्र विधानसभा गेट नंबर एक पर बीच सड़क पर धरने पर बैठ गए हैं। यहां पर राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी और भारत माता की जय के नारे लगाए जा रहे हैं। बीच सड़क कर धरना पर बैठे छात्रों ने कहा कि अब यहीं पर हम लोग रहेंगे, जब तक मुख्यमंत्री छात्रों की मांगों को नहीं सुनते हैं तब तक यहीं पर धरना जारी रहेगा।
रांची सिटी SP पारस राणा ने बताया कि 90 फीसदी छात्र शांतिपूर्ण तरीके से प्रदर्शन कर रहे हैं , लेकिन 10% किसी की बात नहीं मान रहे हैं। अगर भीड़ में 700-1000 छात्र किसी की बात नहीं सुन रहे हैं, यहां तक कि अपने प्रतिनिधियों की भी नहीं, और उन्होंने बैरिकेडिंग तोड़ दी है। बैरिकेडिंग को धकेलते हुए तीन पुलिसकर्मियों को कुचल दिया है। फिर भी पुलिसकर्मियों ने संयम बरता है। उन्होंने पुलिस बल पर पत्थर भी फेंके हैं। फिर भी, हमने बहुत कम समय के लिए ही सख्ती दिखाई क्योंकि वे सभी छात्र हैं। हम सभी से शांति बनाए रखने और हिंसा न करने की अपील कर रहे हैं।
RJD सांसद मनोज झा ने कहा कि सरकार की हठधर्मिता, गैरसंवेदनशीलता का एक पिरामिड खड़ा हो गया है। छात्रों पर पैलेट गन चले, कील लगी लाठियां चलाई गई, चंदा और चढ़ावा चोरी का मसला है। कल जो ममता बनर्जी के साथ हुआ अगर इन सबका विश्लेषण करें तो ये स्पष्ट होता है कि जो भी संसदीय लोकतंत्र, सद्व्यवहार की रिवायत थी वो खत्म कर दी गई है।
रांची में JPSC-JSSC अभ्यर्थियों के ‘विधानसभा घेराव’ मार्च के दौरान एक प्रदर्शनकारी फिल्मी किरदार ‘पुष्पा’ के अंदाज में नजर आया। फिल्म के किरदार जैसा लुक अपनाकर प्रदर्शन में शामिल हुए इस व्यक्ति ने कहा कि झारखंड के छात्र तब तक न झुकेंगे और न रुकेंगे, जब तक उन्हें न्याय नहीं मिल जाता।
प्रदर्शनकारी ने कहा, “मैं ‘पुष्पा’ के अंदाज में विरोध जताने आया हूं। लोगों ने मुझे बताया कि बड़े अभिनेता और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर भी जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन में समर्थन देने पहुंचे थे। ये छात्र भी हमारे ही समाज का हिस्सा हैं, इसलिए इनके साथ किसी तरह का भेदभाव नहीं होना चाहिए।”
उन्होंने कहा कि JPSC-JSSC छात्रों का यह मुद्दा राष्ट्रीय मीडिया तक पहुंचना चाहिए, ताकि उनकी मांगों और समस्याओं पर देश का ध्यान जाए और उन्हें न्याय मिल सके।
प्रदर्शनकारी ने सरकार से छात्रों की मांगों पर गंभीरता से विचार करने की अपील करते हुए कहा, “जिस तरह माता-पिता अपने बच्चों की मांगों को समझते हैं, उसी तरह सरकार को भी इन छात्रों की मांगों को समझना चाहिए। झारखंड के छात्र न झुकेंगे, न रुकेंगे, जब तक न्याय नहीं मिलेगा।”
झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) के पूर्व चेयरमैन एल. खियांग्ते को सीआईडी ने गिरफ्तार कर लिया है। यह कार्रवाई JPSC की 14वीं संयुक्त सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा (PT) में कथित अनियमितताओं की जांच के दौरान की गई है। JPSC की विभिन्न परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों को लेकर पिछले कुछ समय से सवाल उठते रहे हैं और मामले की जांच सीआईडी कर रही है। इसी जांच के क्रम में सीआईडी की टीम ने JPSC मुख्यालय में छापेमारी भी की थी। अब पूर्व चेयरमैन की गिरफ्तारी को जांच में अहम कार्रवाई माना जा रहा है।
विधानसभा घेराव’ मार्च के दौरान पुलिस के लाठीचार्ज में घायल छात्र प्रदर्शनकारी विक्रम कुमार ने कहा, “हेमंत सोरेन जी, आपको ऐसा नहीं करना चाहिए था। हम शांतिपूर्ण तरीके से प्रदर्शन कर रहे थे। हमने किसी तरह की गाली-गलौज भी नहीं की। अचानक पुलिस ने लाठीचार्ज शुरू कर दिया। यह सही नहीं है।”
वहीं, एक अन्य प्रदर्शनकारी छात्र ने पुलिस के लाठीचार्ज को लेकर कहा, “पुलिस बैरिकेडिंग के पास प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर बर्बरतापूर्ण लाठीचार्ज किया गया। लाठी का इस्तेमाल कमर के नीचे किया जाना चाहिए, लेकिन पुलिस ने सिर, हाथ, चेहरे और शरीर के हर हिस्से पर लाठियां बरसाईं। यह सरकार के दोहरे मापदंड को दिखाता है।”
रांची (झारखंड) में JPSC-JSSC अभ्यर्थियों का विरोध प्रदर्शन जारी है। ‘विधानसभा घेराव’ मार्च के दौरान स्पाइडरमैन का मास्क पहने एक प्रदर्शनकारी ने राज्य सरकार पर उनकी मांगों की अनदेखी करने का आरोप लगाया। प्रदर्शनकारी ने कहा, “मैं झारखंड इसलिए आया हूं क्योंकि राज्य सरकार हमारी बात नहीं सुन रही है। आपकी सरकार हमारी बात सुनना नहीं चाहती और हमारी समस्याओं के समाधान के लिए कुछ नहीं करना चाहती।”
#WATCH | JPSC-JSSC aspirants' protest in Ranchi (Jharkhand) | During 'Vidhan Sabha gherao' march, a protester donning a Spiderman mask, says, "I have come to Jharkhand because voices are falling on deaf ears of the State Govt...Your Govt doesn't want to hear us, doesn't want to… pic.twitter.com/3EuWxbyqPp
— ANI (@ANI) August 10, 2026
रांची में JPSC-JSSC अभ्यर्थियों के विधानसभा घेराव मार्च के दौरान पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए लाठीचार्ज किया।
#WATCH | JPSC-JSSC aspirants' protest in Ranchi (Jharkhand) | Police resort to lathi charge to control the crowd, during 'Vidhan Sabha gherao' march of protesting students. pic.twitter.com/f4XGdOajrh
— ANI (@ANI) August 10, 2026
JPSC-JSSC अभ्यर्थियों के ‘विधानसभा घेराव’ मार्च के दौरान प्रदर्शन तेज हो गया। प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए पुलिस ने वॉटर कैनन का इस्तेमाल किया। इसी दौरान एक छात्र पुलिस की बैरिकेडिंग पर चढ़ गया और वहां डांस करने लगा। घटना का वीडियो सामने आया है।
#WATCH रांची, झारखंड: JPSC-JSSC उम्मीदवारों का विरोध-प्रदर्शन | 'विधानसभा घेराव' मार्च निकाल रहे प्रदर्शनकारी छात्रों को तितर-बितर करने के लिए पुलिस ने वॉटर कैनन का इस्तेमाल किया, इस दौरान एक छात्र पुलिस बैरिकेडिंग पर चढ़कर डांस करने लगे। pic.twitter.com/QXndfxVEB1
— ANI_HindiNews (@AHindinews) August 10, 2026
रांची में JPSC-JSSC परीक्षा में कथित अनियमितताओं के खिलाफ छात्रों का ‘विधानसभा घेराव’ मार्च जारी है। इस दौरान प्रदर्शनकारी छात्रों ने पुलिस की बैरिकेडिंग लांघकर विधानसभा की ओर बढ़ना शुरू कर दिया।
#WATCH | Jharkhand: Student protesters climb over Police barricading in Ranchi, as they continue their 'Vidhan Sabha Gherao' march in Ranchi as part of their protest against alleged irregularities in JPSC-JSSC exams. pic.twitter.com/nGfyFW2B0z
— ANI (@ANI) August 10, 2026
भूख हड़ताल पर बैठे झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (JLKM) के नेता देवेंद्रनाथ महतो भी छात्रों के विधानसभा मार्च में शामिल हो गए। लगातार अनशन के कारण उनकी तबीयत कमजोर हो गई है और वह खुद चलने की स्थिति में नहीं हैं। ऐसे में छात्रों ने उन्हें अपने कंधों पर उठा लिया और फूल बरसाकर उनका स्वागत किया। इस दौरान देवेंद्रनाथ महतो ने तिरंगा लहराकर छात्रों के आंदोलन में अपनी मौजूदगी दर्ज कराई। छात्रों ने उनके समर्थन में नारे भी लगाए।
#WATCH | JPSC-JSSC aspirants' protest in Ranchi (Jharkhand) | Student leader Devendra Nath Mahto joins 'Vidhan Sabha gherao' march of protesting students.
— ANI (@ANI) August 10, 2026
He has been on a hunger strike at Jaipal Singh Munda Stadium, the main protest site, for the past 9 days. pic.twitter.com/dnBU8nJHiK
झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (JLKM) के नेता देवेंद्रनाथ महतो भी इस प्रदर्शन में शामिल हुए। इस दौरान छात्रों ने उन्हें एंबुलेंस से बाहर निकाला और स्ट्रेचर को अपने कंधों पर उठाकर उन्हें आगे लेकर गए।
झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (JLKM) के नेता देवेंद्रनाथ महतो एंबुलेंस से धुर्वा गोलचक्कर पहुंचे। इसके बाद वह एंबुलेंस से विधानसभा की ओर रवाना हो गए। देवेंद्रनाथ महतो अब अन्य प्रदर्शनकारी छात्रों के साथ विधानसभा मार्च में शामिल होंगे।
#WATCH रांची (झारखंड) में JPSC-JSSC अभ्यर्थियों का विरोध प्रदर्शन | 'विधानसभा घेराव' मार्च में शामिल होने के लिए छात्र नेता देवेन्द्र नाथ महतो को जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम से विधानसभा लाया जा रहा है।
— ANI_HindiNews (@AHindinews) August 10, 2026
(सोर्स: महतो मीडिया ग्रुप) pic.twitter.com/h1pI7l2hAH
रांची में छात्रों के विरोध-प्रदर्शन के बीच झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (JLKM) के विधायक जयराम कुमार महतो ने सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि यह सरकार की विफलता है और छात्रों की परीक्षा रद्द करने की मांग को मान लेना चाहिए था। जयराम महतो ने कहा कि सरकार ने छात्रों की कई मांगें मान ली हैं, जिसके लिए वह सरकार को धन्यवाद देते हैं। हालांकि, छात्रों की सबसे अहम मांग JSSC-CGL परीक्षा रद्द करने की है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस परीक्षा में सबसे ज्यादा अनियमितताएं हुई हैं। विधायक ने दावा किया कि अभय तिवारी ने खुद स्वीकार किया है कि उन्होंने करीब 400 अभ्यर्थियों का चयन करवाया था। उन्होंने कहा कि ऐसे गंभीर आरोपों को देखते हुए JSSC-CGL परीक्षा को रद्द करने की मांग पर सरकार को गंभीरता से विचार करना चाहिए।
झारखंड में विपक्ष के नेता बाबूलाल मरांडी ने कहा, "छात्र अपना विरोध जारी रखे हुए हैं, लेकिन सरकार लोगों का ध्यान भटका रही है। JPSC-JSSC-CGL इन सभी की CBI से जांच होनी चाहिए। "
झारखंड में JPSC और JSSC परीक्षाओं में कथित धांधली के विरोध में झारखंड बीजेपी के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री आवास का घेराव किया। प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने कई बीजेपी नेताओं और कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया। हिरासत में लिए गए नेताओं में प्रदेश बीजेपी अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी और राज्यसभा सांसद आदित्य साहू भी शामिल हैं।
रांची में विधानसभा की ओर मार्च कर रहे प्रदर्शनकारी छात्रों को रोकने के लिए पुलिस ने कई जगह बैरिकेडिंग की है। हालांकि, छात्र बैरिकेड लांघकर आगे बढ़ गए। प्रदर्शनकारी छात्रों का कहना है कि वे शांतिपूर्ण तरीके से विधानसभा की ओर मार्च कर रहे हैं। उधर, रांची में एक तरफ छात्र विधानसभा की ओर बढ़ रहे हैं, तो दूसरी ओर राज्य की विपक्षी पार्टी बीजेपी ने मुख्यमंत्री आवास का घेराव किया है। पुलिस बीजेपी कार्यकर्ताओं को मौके से हटाने की कोशिश कर रही है। इस दौरान बीजेपी कार्यकर्ता हेमंत सरकार के खिलाफ लगातार नारेबाजी कर रहे हैं।
प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) की परीक्षा में कथित अनियमितताओं के मामले में प्रवर्तन मामला सूचना रिपोर्ट (ECIR) दर्ज की है। अधिकारियों के अनुसार, इस मामले में अब जांच आगे बढ़ने की संभावना है।
रांची के जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में आंदोलन कर रहे छात्रों ने भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं की CBI जांच कराने की मांग की है। इसके अलावा वर्ष 2019 के बाद आयोजित सभी JSSC CGL, JSSC JE और PGT परीक्षाओं को रद्द करने और राज्य सरकार की नौकरियों की भर्ती प्रक्रिया में सुधार की मांग भी प्रमुख है।
छात्रों की अन्य मांगों में परीक्षा में गड़बड़ी के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई, श्रेणीवार कटऑफ जारी करना, OMR कॉपी और रिस्पॉन्स शीट उपलब्ध कराना तथा UPSC और SSC की तर्ज पर नियमित भर्ती कैलेंडर जारी करना शामिल है। छात्रों का दावा है कि इन मांगों पर अब तक पूरी तरह अमल नहीं हुआ है।
झारखंड सरकार की ओर से दावा किया गया कि छात्रों की करीब 98 फीसदी मांगों को स्वीकार कर लिया गया है। हालांकि, छात्रों ने सरकार के इस दावे को सही नहीं माना और कहा कि उनकी प्रमुख मांगों पर अब भी सहमति नहीं बनी है। छात्रों का कहना है कि परीक्षा रद्द करने और कथित अनियमितताओं की जांच से जुड़ी उनकी अहम मांगों पर सरकार ने ठोस फैसला नहीं लिया है।
रविवार को हेमंत सोरेन सरकार और आंदोलनरत छात्रों के बीच विरोध खत्म करने को लेकर बातचीत हुई। हालांकि, इस बैठक में भी कोई सहमति नहीं बन सकी। दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर मुद्दे के समाधान को लेकर गंभीरता नहीं दिखाने का आरोप लगाया। बैठक के बाद छात्रों ने अपना आंदोलन जारी रखने का फैसला किया। सरकार और छात्रों की ओर से बातचीत के दौरान हुई चर्चा को लेकर अलग-अलग दावे सामने आए हैं।
छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत में कहा, "आज भूख हड़ताड़ का नौवां दिन है और मुझे कमजोरी है। मैं लगातार अपडेट दे रहा हूं और मेरी हालत और खराब होती जा रही है। लेकिन मुझे जो दर्द, तकलीफ और पीड़ा हो रही है, इससे ज्यादा दर्द पेपर लीक को लेकर है।" विधानसभा घेराव को लेकर देवेंद्र नाथ महतो ने कहा, "आज क्रांति का दिन है। यह हमारे महीनों के संघर्ष का दिन है।"
छात्रों के विधानसभा घेराव को देखते हुए रांची में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। जगन्नाथ मंदिर के पास से झारखंड विधानसभा की ओर जाने वाले रास्ते पर रेजर फेंसिंग लगाई गई है। इसके अलावा विधानसभा भवन के 750 मीटर के दायरे में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता के तहत धारा 163 लागू की गई है। मार्च को देखते हुए रांची के ज्यादातर स्कूल सोमवार को बंद रहेंगे। प्रशासन की ओर से सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया गया है, ताकि प्रदर्शन के दौरान किसी तरह की अप्रिय स्थिति पैदा न हो।
झारखंड में भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के खिलाफ आंदोलन कर रहे छात्रों और हेमंत सोरेन सरकार के बीच रविवार को हुई वार्ता भी बेनतीजा रही। बातचीत में कोई ठोस समाधान नहीं निकलने के बाद छात्रों ने सोमवार को रांची में ‘विधानसभा घेराव’ मार्च निकालने का ऐलान किया है। छात्रों का आंदोलन मुख्य रूप से झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) की भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों को लेकर है। मार्च को देखते हुए रांची में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।