वर्ली श्मशान घाट में रतन टाटा का अंतिम संस्कार कर दिया गया है।
वर्ली श्मशान घाट में रतन टाटा के अंतिम संस्कार की प्रक्रिया चल रही है। इसके साथ ही आम जनता और टाटा ग्रुप से जुड़े लोग उनके पार्थिव शरीर के अंतिम दर्शन कर रहे हैं।
रतन टाटा के निधन पर अभिनेता राजपाल यादव ने कहा कि हम सब उन्हें नमन करते हैं। वो हमारे देश के अनमोल रत्न हैं। हमारे लिए वो भारत रत्न रहेंगे। उनको (भारत रत्न) मिलना चाहिए।
रतन टाटा के पार्थिव शरीर को वर्ली श्मशान घाट के प्रार्थना कक्ष में रखा गया है। यहां केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह समेत तमाम राजनेता और उद्योग जगत, फिल्म जगत की हस्तियां मौजूद हैं।
केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले उद्योगपति रतन टाटा के अंतिम संस्कार के लिए वर्ली श्मशान घाट पहुंचे।
गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल रतन टाटा को श्रद्धांजलि देने वर्ली श्मशान घाट पहुंचे हैं।
रतन टाटा का अंतिम संस्कार पारसी रीति रिवाज से होगा। वर्ली श्मशान घाट में उनका पार्थिव शरीर पहले प्रार्थना कक्ष में रखा जाएगा। इसमें 200 लोग मौजूद रह सकते हैं। रतन टाटा का अंतिम संस्कार अहनावेति विधि से होगा। इससे पहले गेह सारनू पढ़ा जाएगा। इसके बाद अग्निदाह किया जाएगा।
रतन टाटा के पार्थिव शरीर को महाराष्ट्र पुलिस के जवानों ने तिरंगे से ढका और सलामी दी। उनकी अंतिम यात्रा शुरू हो गई है।
रेत कलाकार सुदर्शन पटनायक ने दिग्गज उद्योगपति रतन टाटा को श्रद्धांजलि देने के लिए रेत कला बनाई।
गुजरात सरकार ने रतन टाटा के सम्मान में एक दिन के शोक की घोषणा की है। गुजरात सरकार के मुताबिक शोक दिवस पर राष्ट्रीय ध्वज आधा झुका रहेगा और सरकार का कोई सांस्कृतिक या मनोरंजन कार्यक्रम आयोजित नहीं किया जाएगा।
आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू ने कहा कि उन्होंने हमेशा देश के बारे में बात की। उन्होंने भारत को वैश्विक स्तर पर पहचान दिलाई। एक उद्योगपति के तौर पर उनका दूरदर्शिता महान थी। जब मैनें उनसे तिरुपति में कैंसर अस्पताल खोलने का आग्रह किया तो उन्होंने सहर्ष स्वीकार किया और अस्पताल खोला। हमने बेहतरीन इंसान खो दिया। लेकिन उनके विचार और आदर्श हमेशा जीवंत रहेंगे।
फिल्म अभिनेता आमिर खान और फिल्म निर्देशक किरण राव ने एनसीपीए ग्राउंड पहुंचकर रतन टाटा को श्रद्धांजलि दी। फिल्म निर्माता आमिर खान ने कहा कि यह देश के लिए दुखद दिन है। देश के लिए रतन टाटा का योगदान अमूल्य है। वे हमेशा यादों में रहेंगे। किरण राव ने कहा रतन टाटा बेहद अच्छे इंसान थे। यह बहुत दुखद है कि वे अब हमारे बीच में नहीं हैं। उन्होंने देश के लिए बहुत कुछ किया है।
महाराष्ट्र के राज्यपाल सीपी राधाकृष्णनन ने एनसीपीए ग्राउंड में रतन टाटा को श्रद्धांजलि दी।
आंध्र प्रदेश के सीएम चंद्रबाबू नायडू मुंबई में रतन टाटा को श्रद्धांजलि अर्पित करने पहुंचे। उन्होंने श्रद्धांजलि अर्पित की।
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मुंबई में रतन टाटा को अंतिम श्रद्धांजलि अर्पित की। साथ ही महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस भी रतन टाटा को अंतिम श्रद्धांजलि अर्पित करने पहुंचे।
रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी, रिलायंस फाउंडेशन की संस्थापक-चेयरपर्सन नीता अंबानी ने मुंबई में रतन टाटा को अंतिम श्रद्धांजलि अर्पित की।
रतन टाटा के निधन को देश के लिए बड़ी क्षति बताते हुए भारतीय विदेश मंत्री एस जयशंकर ने कहा कि 'मैं उनसे पहली बार तब मिला था जब मैं सरकार में एक तरह से मध्यम स्तर का अधिकारी था। उस समय, हमने संयुक्त राज्य अमेरिका के साथ सीईओ फोरम की शुरुआत की थी। वह स्वाभाविक रूप से पहली पसंद थे जो इसका नेतृत्व करने वाले थे। इसलिए उन वर्षों में हम एक साथ मिलकर काम किया, साथ में अमेरिका की यात्रा पर साथ रहे। वह वास्तव में एक उल्लेखनीय व्यक्ति थे। मुझे लगता है कि अगर आप आज की भावनाओं, स्नेह, सम्मान को देखें, तो मुझे उद्योग जगत में ऐसा कोई व्यक्ति याद नहीं आता जिसने बहुत व्यापक वर्ग के लोगों में इस तरह की भावना पैदा की हो। मेरा मतलब है, इसे वास्तव में राष्ट्रीय क्षति कहा जाएगा। वह अपने समय से आगे के व्यक्ति थे। उन्होंने टाटा समूह का पूरी दुनिया में विस्तार किया।'
Ratan Tata Death News: रतन टाटा के निधन पर मशहूर उद्योगपति हर्ष गोयनका ने कहा कि 'यह भारत के लिए बड़ा नुकसान है। हम सब अकेला महसूस कर रहे हैं। वह ऐसे निशान और आदर्श छोड़कर गए हैं, जिनका हम पालन करेंगे। उन्हें भारत रत्न मिलना चाहिए, उनसे ज्यादा योग्य व्यक्ति इस सम्मान के लिए कोई और नहीं हैं।'
रिलायंस रिटेल वेंचर्स लिमिटेड की कार्यकारी निदेशक ईशा अंबानी और पीरामल समूह के कार्यकारी निदेशक आनंद पीरामल ने रतन टाटा को अंतिम श्रद्धांजलि दी।
Ratan Tata News Today: महाराष्ट्र सरकार की कैबिनेट बैठक में गुरुवार को महान उद्योगपति रतन टाटा को श्रद्धांजलि अर्पित की गई। साथ ही कैबिनेट में रतन टाटा को भारत का सर्वोच्च सम्मान भारत रत्न देने का भी प्रस्ताव पेश कर केंद्र सरकार से सिफारिश की है।
राज ठाकरे भी रतन टाटा को श्रद्धांजलि देने पहुंचे।
रतन टाटा के निधन पर कांग्रेस नेता और राज्यसभा सांसद अभिषेक मनु सिंघवी ने कहा कि 'मुझे भारत के सच्चे 'रत्न' को जानने का सौभाग्य मिला है, मैंने उनके साथ काम किया है, मैंने उन्हें करीब से देखा है और मैं आपको बता सकता हूं कि यह देश के लिए बहुत बड़ी क्षति है। यह पूरे समूह के लिए एक असहनीय और अविश्वसनीय क्षति है और सबसे बढ़कर रतन टाटा दिग्गज व्यवसायी के साथ ही एक बहुत ही अच्छे इंसान थे। उन्होंने जीवन को अपनी शर्तों पर जिया। उन्होंने कभी भी आवश्यक चीजों से समझौता नहीं किया और जिस भी क्षेत्र को उन्होंने छुआ, उन्होंने कभी भी जोखिम लेने और उसे पूर्णता तक ले जाने में संकोच नहीं किया। उन्होंने टाटा को न केवल भारत में बल्कि विश्व स्तर पर एक जाना-माना नाम बनाकर भारत को गौरवान्वित किया है। मैं उन्हें बहुत याद करूंगा।'
रिजर्व बैंक के गवर्नर शक्तिकांत दास भी रतन टाटा के अंतिम दर्शनों के लिए एनसीपीए ग्राउंड पहुंचे। इस दौरान उन्होंने कहा कि 'रतन टाटा एक दूरदर्शी उद्योगपति थे और उनका कारोबारी प्रशासन में नैतिकता पर बड़ा जोर था। मुझे लगता है कि जब भी भारत का आर्थिक इतिहास लिखा जाएगा तो उसमें रतन टाटा की उपलब्धियों का जरूर जिक्र किया जाएगा। वह भारत के सच्चे सपूत और एक अद्भुत व्यक्ति थे। भगवान उनकी आत्मा को शांति दे।'
Ratan Tata Death News: आदित्य बिरला समूह के चेयरमैन कुमार मंगलम बिरला भी दिग्गज उद्योगपति रतन टाटा को श्रद्धांजलि देने पहुंचे।
एनसीपी-एसपी प्रमुख शरद पवार और उनकी बेटी सुप्रिया सुले रतन टाटा के अंतिम दर्शनों के लिए एनसीपीए ग्राउंड पहुंचे।
रतन टाटा का जाना करोड़ों लोगों को दुखी कर गया है और जो लोग उनसे मिले या उनसे जुड़े रहे, वे भावुक हैं। ऐसे ही लोगों में शुमार सुहेल सेठ रतन टाटा को याद कर भावुक हो गए। उन्होंने कहा कि 'रतन टाटा को उनकी विनम्रता, परोपकार और दयालुता के लिए याद रखा जाएगा। वह करोड़ों लोगों के लिए प्रेरणा थे, जिन्होंने साहस के साथ जिंदगी जी और देश के लिए उनका प्यार बहुत ज्यादा था। मुझे नहीं लगता कि देश में कोई और रतन टाटा होगा। वह एक अलग तरह के इंसान थे। वह भारत पर एक छाप छोड़कर गए हैं, उनका हर भारतीय के जीवन पर प्रभाव है।'
Ratan Tata News Today: महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम और एनसीपी प्रमुख अजित पवार और एनसीपी के कार्यकारी अध्यक्ष प्रफुल्ल पटेल रतन टाटा के अंतिम दर्शनों के लिए एनसीपीए लॉन पहुंचे।
Ratan Tata Death News: दिग्गज उद्योगपति रतन एन टाटा का पार्थिव शरीर एनसीपीए लाया गया, जहां राजकीय अंतिम संस्कार से पहले लोग उन्हें अंतिम श्रद्धांजलि देने के लिए एकत्र हुए हैं।
दिग्गज उद्योगपति रतन टाटा के पार्थिव शरीर को पूरे राजकीय सम्मान के साथ एनसीपीए ले जाया जा रहा है। जहां पार्थिव शरीर को आम जनता के दर्शनों के लिए रखा जाएगा।
एनसीपीए में रतन टाटा का पार्थिव शरीर अंतिम दर्शनों के लिए रखा जाएगा। ऐसे में मुंबई में पुलिस ने मरीन ड्राइव रोड को ओबरॉय होटल तक बंद कर दिया गया है।
पूर्व क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर रतन टाटा के कोलाबा स्थित आवास पर उन्हें श्रद्धांजलि देने पहुंचे हैं।
एनसीपीए, नरीमन प्वाइंट में तैयारियाों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। रतन टाटा का पार्थिव शरीर यहीं पर अंतिम दर्शनों के लिए रखा जाएगा।
रतन टाटा के निधन पर महाराष्ट्र सरकार ने एक दिन के शोक का एलान किया है। मुख्यमंत्री कार्यालय से जारी बयान में इसकी जानकारी दी गई है। बयान में कहा गया है कि रतन टाटा के सम्मान में सभी सरकारी इमारतों पर राष्ट्रीय ध्वज आधा झुका रहेगा और इस दौरान राज्य में कोई भी सांस्कृतिक या उत्सव कार्यक्रम नहीं होंगे। पूरे राजकीय सम्मान के साथ रतन टाटा का अंतिम संस्कार किया जाएगा। गौरतलब है कि झारखंड सरकार ने भी रतन टाटा के निधन पर एक दिन के शोक का एलान किया है।
रतन टाटा के निधन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नोएल टाटा से बात की और रतन टाटा के निधन पर संवेदना व्यक्त की। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह भारत सरकार की ओर से रतन टाटा के अंतिम संस्कार में शामिल होंगे।
एक बयान के अनुसार, रतन टाटा का अंतिम संस्कार मुंबई के वर्ली श्मशान घाट पर किया जाएगा। शाम 4:00 बजे पार्थिव शरीर डॉ. ई. मोसेस रोड, वर्ली स्थित वर्ली श्मशान घाट ले जाया जाएगा।
मुंबई पुलिस के दक्षिण क्षेत्र के अतिरिक्त आयुक्त अभिनव देशमुख ने कहा, 'सुबह 10 बजे से लेकर दोपहर 3:30 बजे तक उनका पार्थिव शरीर दर्शन के लिए NCPA में रखा जाएगा। जो भी लोग दर्शन के लिए आएंगे उनसे अपील है कि वहां पार्किंग की सुविधा नहीं है तो उन्हें पुलिस के निर्देशों का पालन करना होगा और अपनी पार्किंग की व्यवस्था देख कर आएं। पुलिस पूरी तरह से तैनात रहेगी।'
टाटा के निधन पर अमेरिका में रहने वाले चर्चित लोगों ने उन्हें एक ऐसे व्यक्ति के रूप में याद किया, जिन्होंने भारत को अधिक समृद्धि और विकास की ओर अग्रसर किया। अमेरिका-भारत व्यापार परिषद (यूएसआईबीसी) के अध्यक्ष अतुल केशप ने कहा, कुछ लोग गलती से व्यापार को तुच्छ समझते हैं, लेकिन रतन टाटा ने वैश्विक स्तर पर अपनी कंपनियों और भारत को अधिक समृद्धि और विकास की ओर अग्रसर किया। उन्होंने न केवल अपने सहयोगियों और व्यापारिक साझेदारों के लिए बल्कि व्यापक भलाई के लिए भी मानवता और करुणा के मूल्यों का समर्थन किया।
इंडियास्पोरा के संस्थापक एमआर रंगास्वामी ने कहा, इंडियास्पोरा समुदाय अत्यंत दुख के साथ रतन टाटा के निधन पर शोक व्यक्त करता है। उन्होंने टाटा को दूरदर्शी नेता, दयालु परोपकारी और भारत की सबसे सम्मानित व्यावसायिक हस्तियों में एक बताया।
अमेरिका के ही कार्नेल विश्वविद्यालय से भी रतन टाटा के निधन पर संवेदनाएं प्रकट की गई। उन्होंने यहीं से स्नातक उपाधि भी ग्रहण की। कॉर्नेल विश्वविद्यालय के पूर्व ट्रस्टी रह चुके रतन विश्वविद्यालय के सबसे बड़े अंतरराष्ट्रीय दानदाता भी बने। रतन टाटा ने 2006 से 2022 तक कॉर्नेल ट्रस्टी के रूप में तीन कार्यकाल पूरे किए। उन्हें 2013 में कॉर्नेल का एंटरप्रेन्योर (उद्यमी) ऑफ द ईयर भी नामित किया गया।
रतन टाटा 11 साल पहले ताजमहल का दीदार करने के लिए आए थे। उन्होंने यहां के उद्यमियों से भी मुलाकात की थी। एक सितंबर 2013 को रतन टाटा जब ताज देखने आए तो कहा कि ताजमहल उनके दिल में है। विजिटर बुक में लिखा, इंजीनियरिंग और वास्तुकला की महानतम प्रस्तुति ताजमहल है। यह न आज और न कल इस तरह दोबारा नहीं बन सकता है। वह एक घंटे तक ताजमहल में रहे थे।
भारतवंशी सुंदर पिचाई ने भी रतन टाटा के निधन पर संवेदनाएं प्रकट कीं। उन्होंने कहा, रतन टाटा के साथ गूगल में मेरी आखिरी मुलाकात में हमने वेमो की प्रगति के बारे में बात की और उनका विजन सुनना प्रेरणादायक था। वह एक असाधारण व्यवसाय और परोपकारी विरासत छोड़ गए हैं और भारत में आधुनिक व्यावसायिक नेतृत्व को मार्गदर्शन और विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्हें भारत को बेहतर बनाने की गहरी चिंता थी। उनके प्रियजनों के प्रति गहरी संवेदना और रतन टाटा को शांति मिले।
दो दशक से अधिक समय तक समूह की मुख्य होल्डिंग कंपनी टाटा संस के अध्यक्ष रहे रतन टाटा ने शीर्ष पद संभालने से कई वर्ष पहले ही परोपकारी गतिविधियां शुरू कर चुके थे। 1970 के दशक में, उन्होंने आगा खान अस्पताल और मेडिकल कॉलेज परियोजना की शुरुआत की थी। टाटा ने जनवरी 2017 में सेवानिवृत्त होने के बाद नटराजन चंद्रशेखरन को टाटा समूह का अध्यक्ष नियुक्त किया।
दुनिया के सबसे प्रभावशाली उद्योगपतियों में से एक रतन टाटा कभी भी अरबपतियों की टाइम, फोर्ब्स, हुरुन जैसी किसी चर्चित सूची में शामिल नहीं रहे। यह इस बात की मिसाल है कि छह महाद्वीपों के 100 से अधिक देशों में काम करने वाली कंपनी के मुखिया होने के बावजूद टाटा सादगीपूर्ण जीवन जीना पसंद करते थे। शायद व्यक्तित्व के इसी पहलू के कारण कॉर्पोरेट दिग्गज रतन टाटा को 'धर्मनिरपेक्ष जीवित संत' माना गया। उनकी शालीनता और ईमानदारी के किस्से भी खूब सुर्खियों में रहे हैं। 1991 में अपने चाचा जेआरडी टाटा से टाटा समूह के अध्यक्ष का पदभार संभालने वाले रतन ने आधी सदी से भी अधिक समय तक यह पद संभाला।
रतन टाटा के निधन के बाद देश के औद्योगिक घरानों, खेल-मनोरंजन और सामाजिक-आर्थिक जगत की हस्तियों ने भी संवेदनाएं प्रकट कीं। टाटा को पशुओं के प्रति करुणा के लिए भी जाना जाता है। पीपुल फॉर द एथिकल ट्रीटमेंट ऑफ एनिमल्स (पेटा) इंडिया ने भी रतन टाटा के निधन पर संवेदनाएं प्रकट कीं। पेटा इंडिया की तरफ से जारी एक बयान के मुताबिक टाटा का पशुओं के प्रति प्रेम और करुणा उनकी व्यावसायिक क्षमता की तरह ही प्रसिद्ध रही। इसे हमेशा याद किया जाएगा। पेटा ने कहा कि मुंबई में टाटा ट्रस्ट्स स्मॉल एनिमल हॉस्पिटल, उनकी करुणा का परिणाम है, जो पहले से ही जरूरतमंद असंख्य जानवरों की मदद कर रहा है। यह निश्चित रूप से पेटा इंडिया के आपातकालीन प्रतिक्रिया कार्य का सहयोगी बनेगा।
रतन टाटा ऐसी विभूति हैं, जिन्हें अगर अद्वितीय कहा जाए तो अतिश्योक्ति नहीं। ऐसे रत्न सदियों में चुनिंदा ही होते हैं। उनके हौसले की मिसाल बंगलूरू में आयोजित एयर शो में मिली थी। 73 साल की आयु में आज से 13 साल पहले रतन टाटा ने एफ-17 लड़ाकू विमान के कॉकपिट में बैठकर उड़ान भरी थी। साल 2011 में कर्नाटक के येलहंका एयर बेस पर आयोजित भारत के सबसे बड़े एयर शो- एयरो इंडिया के दौरान जब 73 साल के उद्योगपति रतन टाटा एफ 17 लड़ाकू विमान में बैठे तो इस यादगार तस्वीर को युवाओं के लिए भी प्रेरणा माना गया।
टाटा ट्रस्ट्स के मुख्य कार्यकारी सिद्धार्थ शर्मा ने रतन टाटा के निधन के बाद बुधवार देर रात जारी एक बयान में कहा, गैर-लाभकारी संस्थाओं का समूह रतन टाटा की विरासत को आगे बढ़ाने के लिए खुद को समर्पित करता है। उन्होंने कहा, हम उनकी और संस्थापकों की विरासत को आगे बढ़ाने के लिए खुद को पुनः समर्पित करते हैं। शर्मा ने कहा कि टाटा ट्रस्ट्स भारत के सभ्यतागत मूल्यों पर आधारित है। संस्था सभी के कल्याण के लिए प्रयास करती है। बता दें कि टाटा ट्रस्ट्स गैर-लाभकारी संस्थाओं का एक समूह है, जो नमक से लेकर सॉफ्टवेयर तक बनाने वाली इस कंपनी में लगभग दो तिहाई हिस्सेदारी रखता है। रतन टाटा, टाटा ट्रस्ट्स के अध्यक्ष थे। शर्मा ने यह भी कहा कि ट्रस्ट को रतन टाटा की भौतिक उपस्थिति की कमी खलेगी लेकिन वह हमेशा उनके दिल और दिमाग में जीवित रहेंगे।
दिग्गज उद्योगपति रतन टाटा ने 86 साल की आयु में बुधवार रात करीब 11.30 बजे अंतिम सांस ली। देश के दूसरे सर्वोच्च नागरिक सम्मान- पद्म विभूषण से नवाजे जा चुके टाटा के निधन की पुष्टि करते हुए इस औद्योगिक घराने के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन ने बयान जारी किया। उन्होंने कहा, 'हम रतन नवल टाटा को बहुत ही गहरे दुख के साथ विदाई दे रहे हैं। वे वास्तव में असाधारण शख्सियत थे।' टाटा के निधन के बाद महाराष्ट्र सरकार ने पूरे राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार कराने की बात कही। मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा, टाटा नैतिकता और उद्यमशीलता का अनूठा मिश्रण थे। सीएम ने रतन टाटा को किंवदंती बताया जिन्होंने 150 साल पुराने टाटा समूह को सफलतापूर्वक आगे बढ़ाया। महाराष्ट्र सरकार ने उद्योगपति रतन टाटा को श्रद्धांजलि देने के लिए गुरुवार को राज्य में एक दिन का शोक घोषित किया है। इस दौरान सरकारी कार्यालयों पर राष्ट्रीय तिरंगा आधा झुका रहेगा और कोई मनोरंजन कार्यक्रम नहीं होगा।
पार्थिव शरीर के दर्शन सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक
मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा, टाटा के रिश्तेदारों ने बताया है कि उनका पार्थिव शरीर गुरुवार को सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक दक्षिण मुंबई स्थित राष्ट्रीय कला प्रदर्शन केंद्र (एनसीपीए) में लोगों के अंतिम दर्शन के लिए रखा जाएगा। टाटा को देश का गौरव बताते हुए शिंदे ने कहा कि वह अगली पीढ़ी के उद्यमियों के लिए सदैव प्रेरणास्रोत रहेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि 26/11 के आतंकवादी हमले के दौरान उन्होंने जो दृढ़ता दिखाई, उसे हमेशा याद रखा जाएगा। मुंबई पुलिस के दक्षिण क्षेत्र के अतिरिक्त आयुक्त अभिनव देशमुख ने बताया कि इस मौके पर सुरक्षा-व्यवस्था चाक-चौबंद रहेगी।
झारखंड में एक दिन का राजकीय शोक
टाटा के निधन पर झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने एक दिन के राजकीय शोक का एलान किया। उन्होंने कहा कि टाटा के योगदान की बदौलत झारखंड को पूरी दुनिया में अलग पहचान मिली।
इससे पहले चंद्रशेखरन ने कहा, 'टाटा समूह के लिए, रतन टाटा एक अध्यक्ष से कहीं बढ़कर थे। मेरे लिए, वे एक गुरु, मार्गदर्शक और मित्र थे। उन्होंने उदाहरण के माध्यम से प्रेरित किया। उत्कृष्टता, अखंडता और नवाचार के प्रति अटूट प्रतिबद्धता के साथ, उनके नेतृत्व में टाटा समूह ने अपने नैतिक मानदंडों के प्रति हमेशा सच्चे रहते हुए वैश्विक स्तर पर विस्तार किया।
टाटा की पहल ने गहरी छाप छोड़ी, आने वाली पीढ़ियों को मिलेगा लाभ
चंद्रशेखरन ने कहा कि टाटा के परोपकार और समाज के विकास के प्रति समर्पण ने लाखों लोगों के जीवन को प्रभावित किया है। शिक्षा से लेकर स्वास्थ्य सेवा तक, उनकी पहल ने एक गहरी छाप छोड़ी है जो आने वाली पीढ़ियों को लाभान्वित करेगी। तमाम कार्यों को सुदृढ़ बनाने में टाटा के साथ हुई हर व्यक्तिगत बातचीत उनकी वास्तविक विनम्रता की मिसाल है। टाटा संस के चेयरमैन चंद्रशेखरन ने कहा, 'पूरे टाटा परिवार की ओर से, मैं उनके प्रियजनों के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करता हूं। उनकी विरासत हमें प्रेरित करती रहेगी क्योंकि हम उन सिद्धांतों को बनाए रखने का प्रयास करते हैं जिनका उन्होंने इतने जुनून से समर्थन किया।'