त्रिकोणीय सीरीज के फाइनल में भारत ए ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 50 ओवर में 9 विकेट पर 377 रन बनाए और श्रीलंका ए के सामने 378 रनों का विशाल लक्ष्य रखा। जवाब में श्रीलंका ए की टीम 47.1 ओवर में 311 रन बनाकर ऑलआउट हो गई।
भारत ए की ओर से वैभव सूर्यवंशी ने 94 रनों की तूफानी पारी खेली, जबकि कप्तान तिलक वर्मा ने भी अर्धशतक जमाया। श्रीलंका ए की तरफ से माथुलन, फर्नांडो और साहन ने दो-दो विकेट लिए, जबकि शिराज, अराचिघे और सामुदिथा को एक-एक सफलता मिली। श्रीलंका ए की ओर से वनुजा साहन ने 62 और सदीरा समरविक्रमा ने 52 रन बनाए। भारत ए के लिए यश ठाकुर और विप्रज निगम ने 3-3 विकेट झटके।
भारत-ए ने ट्राई नेशन वनडे सीरीज के फाइनल में शानदार प्रदर्शन करते हुए श्रीलंका-ए को 66 रन से हराकर खिताब अपने नाम कर लिया। आखिरी विकेट विपरज निगम ने लिया, जब उन्होंने मोहम्मद शिराज को आउट कर श्रीलंकाई पारी का अंत किया।
45वें ओवर की पांचवीं गेंद पर अनुकूल रॉय ने दुलाज समुधिता को 15 रन के स्कोर पर आउट कर श्रीलंका-ए का नौवां विकेट गिराया। समुधिता ने 11 गेंदों में 15 रन बनाए, जिसमें 2 छक्के शामिल थे।
विपरज की गेंद पर वानुजा सहान 62 रन (69 गेंद) बनाकर आउट हुए। उन्होंने रिवर्स स्वीप खेलने की कोशिश की, लेकिन गेंद टॉप एज लेकर हवा में चली गई और तिलक वर्मा ने बैकवर्ड पॉइंट से आसान कैच पकड़ लिया। सहान की पारी का अंत हुआ और श्रीलंका ए की उम्मीदों को बड़ा झटका लगा।
अनुकूल रॉय ने अहम विकेट लेकर वी. वियासकांत को पवेलियन भेज दिया। वियासकांत बड़े शॉट की कोशिश में थे, लेकिन स्लॉग स्वीप ठीक से नहीं खेल पाए और गेंद हवा में खड़ी हो गई। मिड-विकेट पर वैभव सूर्यवंशी ने शानदार कैच पकड़कर उन्हें आउट किया। वियासकांत 34 गेंदों में 39 रन बनाकर आउट हुए।
तिलक वर्मा ने भारत ए को अहम सफलता दिलाते हुए साहन अराचिघे को पवेलियन भेज दिया। अराचिघे ने रिवर्स स्वीप खेलने की कोशिश की, लेकिन गेंद ठीक से बैट पर नहीं आई और शॉर्ट थर्ड पर यश ठाकुर ने आसान कैच पकड़ लिया। अराच्चिगे 40 गेंदों में 38 रन बनाकर आउट हुए।
विपरज निगम ने रविंदु फर्नांडो को आउट किया, टिलक वर्मा ने कैच लिया। फर्नांडो ने 19 रन (10 गेंद) बनाए और 3 चौके, 1 छक्का लगाया। श्रीलंका ए की आधी टीम पवेलियन लौट चुकी है।
अशोक शर्मा ने श्रीलंका ए को बड़ा झटका देते हुए सेट बल्लेबाज सदीरा समरविक्रमा को पवेलियन भेज दिया। समरविक्रमा ने 44 गेंदों में 52 रन की शानदार पारी खेली, जिसमें 9 चौके शामिल रहे। विकेट के पीछे कुमार कुशाग्र ने आसान कैच पकड़ लिया।
श्रीलंका ए का स्कोर 100 रन के पार पहुंच गया है। सदीरा समरविक्रमा 25 गेंदों में 35 रन बनाकर क्रीज पर डटे हैं, जबकि साहन अराचिघे 10 गेंदों में 13 रन बनाकर उनका साथ निभा रहे हैं।
यश ठाकुर ने श्रीलंका को तीसरा झटका देते हुए नुवानिदु फर्नांडो को पवेलियन भेज दिया। फर्नांडो ने लेग साइड में बड़ा शॉट खेलने की कोशिश की, लेकिन गेंद सीधे बाउंड्री पर खड़े विपरज निगम के हाथों में चली गई। फर्नांडो 21 गेंदों में 21 रन बनाकर आउट हुए।
नीरोशन डिकवेला तेज शुरुआत के इरादे से उतरे, लेकिन यश ठाकुर की शानदार गेंद पर बोल्ड हो गए। डिकवेला ने 17 गेंदों में 25 रन बनाए। उनके आउट होने के बाद सदीरा समरविक्रमा बल्लेबाजी के लिए क्रीज पर आए।
श्रीलंका ए को अविष्का फर्नांडो के रूप में पहला झटका लगा है। फर्नांडो को यश ठाकुर ने अपना शिकार बनाया जो 3 गेंदों पर 3 रन बनाकर आउट हुए।
त्रिकोणीय सीरीज के फाइनल में श्रीलंका ए की पारी शुरू हो गई है।श्रीलंका ए के लिए निरोशन डिकवेला के साथ अविष्का फर्नांडो उतरे हैं। भारत ए ने 378 रनों का लक्ष्य दिया है।
भारत ए ने श्रीलंका ए को त्रिकोणीय सीरीज के फाइनल में 378 रनों का लक्ष्य दिया है। भारत ए ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 50 ओवर में नौ विकेट पर 377 रन बनाए। भारत ए के लिए इस मैच में वैभव सूर्यवंशी ने ताबड़तोड़ बल्लेबाजी करते हुए 94 रन बनाए, जबकि कप्तान तिलक वर्मा ने भी अर्धशतक लगाया। भारत ए के लिए वैभव के अलावा तिलक ने 67 रन बनाए, जबकि ऋतुराज गायकवाड़ ने 40, अनुकूल रॉय ने 39 और कुमार कुशाग्र ने 36 रनों का योगदान दिया। श्रीलंका ए के लिए माथुलन, फर्नांडो और साहन को दो-दो विकेट मिले, जबकि शिराज, अराचिघे और सामुदिथा को एक-एक विकेट मिले।
भारत ए ने श्रीलंका ए के खिलाफ फाइनल में आठ विकेट गंवा दिए हैं। भारत ए को आठवां झटका विपरज निगम के रूप में लगा जो 20 गेंदों पर दो चौकों और एक छक्के की मदद से 27 रन बनाकर आउट हुए।
भारत ए को निशांत सिंद्धू के रूप में सातवां झटका लगा है। निशांत 18 गेंदों पर एक चौके की मदद से 16 रन बनाकर आउट हुए। भारत ए ने श्रीलंका ए के खिलाफ 330 रन बना लिए हैं।
श्रीलंका ए के खिलाफ त्रिकोणीय सीरीज के फाइनल में भारत ए ने 300 रनों का आंकड़ा पार कर लिया है। भारत की पारी समाप्त होने में अभी पांच ओवर का खेल बचा है। भारत ए के लिए निशांत सिंद्धू और विपरज निगम क्रीज पर मौजूद हैं।
रविंदु फर्नांडो ने भारत ए को छठा झटका दिया है। फर्नांडो ने सूर्यांश शेडगे को बोल्ड किया जो दो रन बनाकर आउट हुए।
भारत ए की आधी टीम पवेलियन लौट गई है। भारत ए को पांचवां झटका कप्तान तिलक वर्मा के रूप में लगा जो 90 गेंदों पर चार चौकों और एक छक्के की मदद से 67 रन बनाकर आउट हुए।
भारत ए को कुमार कुशाग्र के रूप में चौथा झटका लगा है। रविंदु फर्नांडो ने कुमार को आउट किया जो 39 गेंदों पर तीन चौकों और एक छक्के की मदद से 36 रन बनाकर आउट हुए। तिलक और कुमार के बीच चौथे विकेट के लिए 63 रनों की साझेदारी हुई। भारत ए का स्कोर 300 के करीब पहुंच रहा है।
कप्तान तिलक वर्मा ने श्रीलंका ए के खिलाफ फाइनल मैच में अर्धशतक जड़ दिया है। तिलक की कुमार कुशाग्र के साथ साझेदारी पनप रही है जिससे भारत ए का स्कोर 250 रन के करीब पहुंच रहा है।
भारत ए को ऋतुराज गायकवाड़ के रूप में तीसरा झटका लगा है। गायकवाड़ और तिलक के बीच अच्छी साझेदारी चल रही थी, लेकिन मोहम्मद शिराज ने गायकवाड़ को बोल्ड कर इस साझेदारी को तोड़ दिया। गायकवाड़ 51 गेंदों पर दो चौकों और एक छक्के की मदद से 40 रन बनाकर आउट हुए। गायकवाड़ और तिलक के बीच तीसरे विकेट के लिए 84 रनों की साझेदारी हुई।
श्रीलंका ए के खिलाफ भारत ए के 200 रन पूरे हो गए हैं। वैभव सूर्यवंशी और प्रियांश आर्या जब खेल रहे थे तो भारत की रन गति काफी तेज थी, लेकिन इन दोनों बल्लेबाजों के पवेलियन लौटने के बाद रन गति धीमी हो गई है। हालांकि, ऋतुराज गायकवाड़ और कप्तान तिलक वर्मा के बीच तीसरे विकेट के लिए अर्धशतकीय साझेदारी हो गई है।
भारत ए को प्रियांश आर्या के रूप में दूसरा झटका लगा है। वैभव के बाद प्रियांश भी पवेलियन लौट गए हैं। प्रियांश को दुलाज ने अपना शिकार बनाया जो 29 गेंदों पर छह चौकों और एक छक्के की मदद से 39 रन बनाकर आउट हुए।
वैभव सूर्यवंशी की शानदार पारी का अंत हो गया है। वैभव ने श्रीलंका ए के खिलाफ त्रिकोणीय सीरीज के फाइनल में दमदार प्रदर्शन किया और लिस्ट क्रिकेट का सबसे तेज अर्धशतक लगाया। वह शतक की ओर बढ़ रहे थे, लेकिन साहन आराचिघे की गेंद पर विकेट गंवा बैठे। वैभव ने 29 गेंदों पर 10 चौकों और आठ छक्कों की मदद से 94 रन बनाए। वैभव ने प्रियांश आर्या के साथ मिलकर पहले विकेट के लिए 53 गेंदों पर 132 रनों की साझेदारी की।
वैभव सूर्यवंशी ने श्रीलंका ए के खिलाफ दमदार बल्लेबाजी करते हुए महज 11 गेंदों पर अर्धशतक लगा दिया है। त्रिकोणीय सीरीज के फाइनल में वैभव और प्रियांश आर्या ने टीम को बेहद मजबूत शुरुआत दिलाई है। ये दोनों बल्लेबाज चार ओवर में ही 76 रनों की साझेदारी कर चुके हैं। वैभव और प्रियांश ने चौकों-छक्कों की बरसात कर दी है।
श्रीलंका ए के खिलाफ पहले बल्लेबाजी करते हुए भारत ए के लिए वैभव सूर्यवंशी और प्रियांश आर्या विस्फोटक बल्लेबाजी कर रहे हैं। वैभव और प्रियांश ने चौकों-छक्कों की बरसात कर दी है जिससे तीन ओवर में ही भारत का स्कोर 50 के पार पहुंच गया है।
त्रिकोणीय सीरीज के फाइनल में भारत ए की पारी शुरू हो गई है। भारत ए के लिए वैभव सूर्यवंशी के साथ प्रियांश आर्या उतरे हैं।
भारत ए: प्रियांश आर्या, वैभव सूर्यवंशी, ऋतुराज गायकवाड़, तिलक वर्मा (कप्तान), कुमार कुशाग्र (विकेटकीपर), सूर्यांश शेडगे, निशांत सिंद्धू, अनुकूल रॉय, विपरज निगम, अशोक शर्मा, यश ठाकुर।
श्रीलंका ए: निरोशन डिकवेला (विकेटकीपर), अविष्का फर्नांडो, नुवानिदु फर्नांडो, सदीरा समरविक्रमा, साहन अराचिघे (कप्तान), रविंदु फर्नांडो, वानुजा साहन, मोहम्मद शिराज, विजयकांत वियासकांत, दुलाज सामुदिथा, कुगाथस माथुलन।
श्रीलंका ए ने त्रिकोणीय सीरीज के फाइनल में टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया है। यानी भारत ए पहले बल्लेबाजी करने उतरेगा।
भारतीय टीम हालांकि अफगानिस्तान के खिलाफ मिली जीत से उत्साहित होगी। उसने इस मैच में पहले बल्लेबाजी करते हुए नौ विकेट पर 319 रन बनाए और फिर अफगानिस्तान को 36.5 ओवर में 218 रनों पर आउट कर दिया। इस मैच में कप्तान तिलक वर्मा, प्रियांश आर्य और कुमार कुशाग्र ने अर्धशतक लगाए, जबकि बाएं हाथ के स्पिनर निशांत सिंधु ने गेंदबाजी में शानदार प्रदर्शन करते हुए 31 रन देकर चार विकेट लिए। ऋतुराज गायकवाड़ इस प्रतियोगिता में भारत के बल्लेबाजी के मुख्य आधार रहे हैं। उन्होंने अब तक एक शतक सहित 234 रन बनाए हैं।
सूर्यवंशी पर सभी की निगाह टिकी रहेगी। आईपीएल में शानदार प्रदर्शन करने वाले 15 वर्ष के इस खिलाड़ी को आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ होने वाली टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज के लिए भारत की सीनियर टीम में चुना गया है। उन्होंने आईपीएल 2026 में 16 मैचों में 237.31 के शानदार स्ट्राइक रेट से सर्वाधिक 776 रन बनाए, जिसमें 72 छक्के शामिल थे। आईपीएल की सफलता और पहली बार भारतीय टीम में चुने जाने के बाद श्रीलंका के दौरे पर आए सूर्यवंशी को दांबुला की धीमी पिचों पर संघर्ष करना पड़ा है। उन्होंने अब तक चार मैचों में 14, 44, 21 और 38 रन बनाए हैं।
श्रीलंका ए ने 50 ओवरों में मैच टाई होने के बाद सुपर ओवर में 16 रन बनाए और फिर भारत ए को नौ रन पर रोक दिया था। मैच खत्म होने के बाद तनाव और बढ़ गया। हलाम्बेज और वानूजा साहन को पवेलियन लौट रहे भारतीय बल्लेबाजों से कहा-सुनी करते देखा गया। वीडियो में सूर्यांश शेडगे को हलाम्बेज की ओर बल्ला ताने हुए दिखाया गया। इसके बाद सूर्यवंशी ने पलटकर श्रीलंकाई खिलाड़ी से तीखी बहस की। इसके बाद दोनों एक-दूसरे को धक्का देते नजर आए। विकेटकीपर निरोशन डिकवेला ने बीच-बचाव करके उन्हें अलग किया। यह देखना बाकी है कि क्या दोनों टीम उस घटना को भुलाकर आगे बढ़ चुकी हैं।
भारत ए की टीम त्रिकोणीय सीरीज के फाइनल में रविवार को जब श्रीलंका ए का सामना करेगी तो सभी की निगाह वैभव सूर्यवंशी पर टिकी रहेंगी। भारतीय टीम लीग मैच में श्रीलंका ए से सुपर ओवर में हार गई थी और वह इसका बदला चुकता करने के लिए प्रतिबद्ध होगी। इस मैच के बाद मैदान पर माहौल गरमा गया था तथा सूर्यवंशी और श्रीलंका के विशेन हलाम्बेज आपस में उलझ गए थे।
Live Cricket Score Today IND A vs SL A Tri Nation Series Final 2026: नमस्कार! अमर उजाला के लाइव ब्लॉग में आपका स्वागत है। त्रिकोणीय सीरीज के फाइनल में आज भारत ए का सामना श्रीलंका ए से हो रहा है। दोनों टीमें ग्रुप चरण में जब पिछले मैच में आमने-सामने हुई थीं तो काफी विवाद हुआ था। अब देखना यह है कि कौन सी टीम इस सीरीज को अपने नाम करती है।