आज के सूर्य ग्रहण की 10 खास बातें...
- आज लगने वाला यह ग्रहण साल का आखिरी सूर्य ग्रहण होगा।
- आज का आंशिक सूर्य ग्रहण भारत में देखा जा सकेगा।
- भारत में यह सूर्य ग्रहण शाम 4 बजकर 22 मिनट के बाद से दिखाई देगा।
- इस सूर्य ग्रहण की अवधि 1 घंटे 19 मिनट की रहेगी।
- भारत में ग्रहण के चलते सूतक काल मान्य रहेगा।
- सूतक आज सुबह करीब 4 बजे ले लग चुका है।
- सूर्य ग्रहण होने पर सूतक काल 12 घंटे पहले प्रभावी हो जाता है।
- भारत में दिल्ली, राजस्थान,पश्चिमी मध्य प्रदेश, गुजरात, पंजाब,उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड. जम्मू, श्रीनगर, लेह और लद्दाख देखा जा सकता है।
- यह ग्रहण तुला राशि में लगेगा।
- इस सूर्य ग्रहण के बाद 08 नवंबर को चंद्र ग्रहण लगेगा।
क्या होता है सूतक?
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार सूतक काल को अशुभ माना जाता है। सूतक में किसी भी तरह के शुभ काम,पूजा-पाठ और धार्मिक अनुष्ठान नहीं किए जा सकते हैं। जब सूर्य ग्रहण लगता है तो उसके 12 घंटे पहले से सूतक काल मान्य हो जाता है और जब चंद्र ग्रहण लगता है तो 5 घंटे पहले सूतक मान्य होता है। इस बार आंशिक सूर्य ग्रहण शाम के 4 बजे के बाद ही लगेगा ऐसे में इस समय सूतक काल प्रभावी हो चुका है।
साल के आखिरी सूर्य ग्रहण की पूरी खबर यहां पढ़ें-
Surya Grahan 2022 : दिवाली के बाद आज सूर्य ग्रहण ,दशकों बाद बना ग्रहण का दुर्लभ योग, जानें सब कुछ
इस सूर्य ग्रहण के 15 दिन बाद चंद्र ग्रहण भी
आज साल का आखिरी सूर्य ग्रहण लगने जा रहा है इसके 15 दिन बाद चंद्रग्रहण भी दिखाई देगा। यह चंद्र ग्रहण 08 नवंबर 2022 को लगेगा। भारत में इस चंद्र ग्रहण को देखा जा सकेगा।
कब लगता है सूर्य ग्रहण ?
हिंदू पंचांग में ग्रहण की घटना का पूर्वानुमान वैदिक काल से चला आ रहा है। सूर्य ग्रहण हमेशा अमावस्या तिथि पर ही होता है। खगोल शास्त्र के अनुसार जब चंद्रमा पृथ्वी और सूर्य के बीच आ जाता है। तब यह तीनों एक सीध में हो जाते हैं। इस घटना को ही आंशिक सूर्य ग्रहण कहते हैं।
देश में आज इस समय दिखाई देगा सूर्य ग्रहण
देश के पूर्वी भाग को छोड़कर आज का आशिंक सू्र्य ग्रहण बाकी सभी जगहों पर दिखाई देगा। यह ग्रहण सूर्यास्त के समय करीब 4 बजे के बाद दिखाई देना आरंभ हो जाएगा। सबसे पहले अमृतसर में करीब 4 बजकर 19 मिनट पर यह सूर्य ग्रहण दिखाई देगा।
देश के प्रमुख शहरों में इस समय देखा जा सकेगा ग्रहण
दिल्ली- शाम 4 बजकर 29 मिनट से 5 बजकर 42 मिनट तक
अमृतसर- शाम 4 बजकर 19 मिनट से 5 बजकर 48 मिनट तक
भोपाल- शाम 4 बजकर 49 मिनट से 5 बजकर 46 मिनट तक
जयपुर- शाम 4 बजकर 31 मिनट से 5 बजकर 49 मिनट तक
मुंबई- शाम 4 बजकर 49 मिनट से 6 बजकर 09 मिनट तक
रायपुर- शाम 4 बजकर 51 मिनट से 5 बजकर 31 मिनट तक
आपके शहर में कब दिखेगा सूर्य ग्रहण
इंदौर- शाम 4 बजकर 42 मिनट से 5 बजकर 53 मिनट तक
उदयपुर- शाम 4 बजकर 35 मिनट से 6 बजकर 00 मिनट तक
लुधियाना- शाम 4 बजकर 22 मिनट से 5 बजकर 44 मिनट तक
शिमला- शाम 4 बजकर 23 मिनट से 5 बजकर 39 मिनट तक
लखनऊ- शाम 4 बजकर 36 मिनट से 5 बजकर 29 मिनट तक
इन शहरों में सूर्य ग्रहण देखने का समय
कोलकाता- शाम 4 बजकर 52 मिनट से 5 बजकर 03 मिनट तक
चैन्नई- शाम 5 बजकर 14 मिनट से 5 बजकर 44 मिनट तक
बेंगलुरू- शाम 5 बजकर 12 मिनट से 5 बजकर 55 मिनट तक
पटना- शाम 4 बजकर 42 मिनट से 5 बजकर 23 मिनट तक
गांधीनगर- शाम 4 बजकर 37 मिनट से 6 बजकर 05 मिनट तक
देहरादून- शाम 4 बजकर 26 मिनट से 5 बजकर 36 मिनट तक
सूर्य ग्रहण के दौरान वर्जित कार्य
- ग्रहण के सूतक काल से ही पूजा पाठ बंद कर देना चाहिए।
- सूर्य ग्रहण के अवधि के दौरान घर के पूजा वाले स्थान को पर्दे से ढक दें।
- आज आप भूलकर भी देवी-देवताओं की पूजा न करें।
- सूर्य ग्रहण के दौरान खाना-पीना बिल्कुल न खाएं।
- खाद्य पदार्थों में तुलसी के पत्ते डालकर रख दें।
कब लगता है आंशिक सूर्यग्रहण
आंशिक सूर्यग्रहण तब होता है जब चंद्रमा पृथ्वी और सूर्य के आंशिक रूप में आता है, जिससे पृथ्वी के स्थान विशेष से देखने पर सूर्य का आधा भाग ही नजर आता है। वैज्ञानिक दृष्टिकोण से ग्रहण का लगना एक खगोलीय घटनाक्रम है जब चंद्रमा पृथ्वी और सूर्य के मध्य होकर गुजरता है।
सूर्य ग्रहण के दौरान करें इन मंत्रों का जाप
ज्योतिषशास्त्र के अनुसार सूर्य ग्रहण के दौरान सूर्य देवता की मानसिक आराधना करना शुभ होता है। सूर्य ग्रहण के दौरान इन सूर्य मंत्रों का जाप करें-
- ॐ घृणि: सूर्यादित्योम
- ऊँ घृणि: सूर्य आदित्य श्री
- ॐ ह्रां ह्रीं ह्रौं स: सूर्याय: नम:
- ऊँ ह्रीं ह्रीं सूर्याय नम:
10 साल बाद दोबारा दिवाली और सूर्य ग्रहण का संयोग
इस बार दिवाली और सूर्य ग्रहण का दुर्लभ संयोग देखने को मिला जब दिवाली के अगले दिन बाद ही सूर्य ग्रहण पड़ा। अब इसी तरह का संयोग 10 साल बाद यानी 2032 में बनेगा जब दिवाली के अगले दिन बाद सूर्य ग्रहण की खगोलीय घटना घटित होगी। इस बार कई ग्रहण और दिवाली पर कई ग्रह खुद की राशि में मौजूद रहेंगे जिसमें गुरु, शनि, बुध और शुक्र ग्रह हैं।
आज का सूर्य ग्रहण होगा आंशिक
दिवाली के बाद आज लग रहा सूर्य ग्रहण का विशेष महत्व है। हिंदू पंचांग की गणना के अनुसार सूर्य ग्रहण हमेशा अमावस्या तिथि पर ही लगता है ऐसे में इस बार भी कार्तिक अमावस्या तिथि पर सूर्य ग्रहण लग रहा है। यह ग्रहण आंशिक होगा। दिवाली के दूसरे दिन सूर्य ग्रहण लगने के कारण गोवर्धन पूजा कल मनाई जाएगी। ग्रहण का असर देश-दुनिया के साथ हर एक जातक के जीवन पर अवश्य पड़ेगा।
इस सूर्य ग्रहण का मेष राशि पर कैसा प्रभाव
मेष राशि- मेष राशि के जातकों के ऊपर इस सूर्य ग्रहण का मिलाजुला प्रभाव देखने को मिलेगा। आपकी राशि में सूर्य ग्रहण सातवें भाव में होगा ऐसे में आपके वैवाहिक और दाम्पत्य जीवन इसका प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। संभलकर चलने की आवश्कता है। मेष राशि के जातक सूर्य ग्रहण के अशुभ प्रभाव से बचने के लिए हनुमान जी की पूजा करें।
15 दिन बाद पूर्ण चंद्र ग्रहण भी, देश में देखा जा सकेगा
15 दिन के अंतराल पर दो ग्रहण है। आज आंशिक सूर्य ग्रहण लगेगा और फिर इसके बाद 08 नवंबर को साल का आखिरी चंद्रग्रहण देखने का मौका मिलेगा। इस पूर्ण चंद्रग्रहण को भारत में देखा जा सकेगा। भारत में चंद्र ग्रहण 08 नवंबर की शाम 5 बजे के बाद शुरु हो जाएगा।
सूर्य ग्रहण से जुड़ी धार्मिक मान्यताएं
- शास्त्रों में ग्रहण को शुभ नहीं माना जाता है, इसलिए ग्रहण के पहले सूतक लगने पर सभी तरह शुभ कार्य रोक दिए जाते हैं।
- ग्रहण के दौरान देवी-देवताओं की पूजा करना वर्जित होता है। यहां तक की भगवान की मूर्ति को भी छूना वर्जित माना गया है।
- ग्रहण के पहले और ग्रहण के दौरान सभी मंदिरों के दरवाजे बंद कर दिए जाते हैं।
- ग्रहण की समाप्ति के बाद घर और पूजा स्थल को गंगाजल का छिड़काव करके शुद्ध किया जाता है।
- गर्भवती महिलाओं को ग्रहण के दौरान विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। उन्हें घर से बाहर नहीं निकलना चाहिए और न ही ग्रहण देखना चाहिए।
सूर्य ग्रहण से जुड़ी मान्यताएं
- ग्रहण के दौरान तो पूजा-पाठ करना वर्जित होता है लेकिन ग्रहण के दौरान मंत्रों के जाप करके ग्रहण के प्रभाव को कम किया जाता है।
- ग्रहण लगने पर खाने-पीने की चीजों में तुलसी के पत्ते डाला जाता है। माना जाता है ग्रहण के दौरान दूषित किरणें और नकारात्मक ऊर्जा चारों तरफ फैली हुई होती है। इसी वजह से खाने-पीने की चीजों में हानिकारक बैक्टीरियां जल्दी से फैलता है। तुलसी में कई तरह के औषधि गुण मौजूद होते हैं,इसलिए ग्रहण लगने पर खाने-पीने के चीजों में तुलसी के पत्ते डाल दिए जाते हैं।
- ग्रहण के खत्म होने पर स्नान किया जाता है और पूरे घर में गंगाजल का छिडकाव किया जाता है।
आज इस राशि में लग रहा है सूर्य ग्रहण
आज शाम जैसे ही सूर्यास्त होगा उसके चंद घंटों पहले देश में साल का आखिरी आंशिक सूर्य ग्रहण देखने को मिलेगा। दिवाली के दूसरे दिन लगने वाला सूर्य ग्रहण तुला राशि में लगेगा। यह सूर्य ग्रहण भारत में शाम 4 बजे के बाद कुछ जगहों पर दिखाई देने लगेगा।
आज कितने बजे से शुरू होगा सूर्यग्रहण
ग्रहण की शुरुआत- शाम 04:28 पर
परमग्रास- शाम 05:30 पर
सूर्यास्त के साथ ग्रहण समाप्त होगा
खण्डग्रास की अवधि - 01 घण्टा 13 मिनट
सूतक प्रारम्भ हुआ - 25 अक्तूबर को सुबह 03:17 मिनट पर
सूतक समाप्त होगा - शाम 05:42 मिनट पर
जानें आपके शहर में कब और कितने देर तक दिखाई देगा सूर्य ग्रहण
| आपके शहर में सूर्य ग्रहण |
कब से |
कब तक |
| दिल्ली |
शाम 4 बजकर 29 मिनट से |
5 बजकर 42 मिनट तक |
| अमृतसर |
शाम 4 बजकर 19 मिनट से |
5 बजकर 48 मिनट तक |
| भोपाल |
शाम 4 बजकर 49 मिनट से |
5 बजकर 46 मिनट तक |
| जयपुर |
शाम 4 बजकर 31 मिनट से |
5 बजकर 49 मिनट तक |
| मुंबई |
शाम 4 बजकर 49 मिनट से |
6 बजकर 09 मिनट तक |
| रायपुर |
शाम 4 बजकर 51 मिनट से |
5 बजकर 31 मिनट तक |
| इंदौर |
शाम 4 बजकर 42 मिनट से |
5 बजकर 53 मिनट तक |
| उदयपुर |
शाम 4 बजकर 35 मिनट से |
6 बजकर 00 मिनट तक |
| लुधियाना |
शाम 4 बजकर 22 मिनट से |
5 बजकर 44 मिनट तक |
| शिमला |
शाम 4 बजकर 23 मिनट से |
5 बजकर 39 मिनट तक |
| लखनऊ |
शाम 4 बजकर 36 मिनट से |
5 बजकर 29 मिनट तक |
| कोलकाता |
शाम 4 बजकर 52 मिनट से |
5 बजकर 03 मिनट तक |
| चैन्नई |
शाम 5 बजकर 14 मिनट से |
5 बजकर 44 मिनट तक |
| बेंगलुरू |
शाम 5 बजकर 12 मिनट से |
5 बजकर 55 मिनट तक |
| पटना |
शाम 4 बजकर 42 मिनट से |
5 बजकर 23 मिनट तक |
| गांधीनगर |
शाम 4 बजकर 37 मिनट से |
6 बजकर 05 मिनट तक |
| देहरादून |
शाम 4 बजकर 26 मिनट से |
5 बजकर 36 मिनट तक |
ग्रहण में क्या करें और क्या न करें?
| साल का आखिरी सूर्य ग्रहण- 25 अक्तूबर |
क्या न करें |
क्या करें |
| साल का आखिरी सूर्य ग्रहण आज |
ग्रहण के दौरान खाना न खाएं |
ग्रहण में मंत्रों का जाप करें |
| आज सुबह सूतक काल शुरू |
सूतक काल में शुभ कार्य न करें |
खाने की चीजों में रखें तुलसी के पत्ते |
| दिवाली के अगले दिन बाद सूर्य ग्रहण |
पूजा- पाठ न करें |
ग्रहण के बाद गंगाजल का छिडकाव करें |
| तुला और चित्रा नक्षत्र में सूर्य ग्रहण |
गर्भवती महिलाएं न देखें ग्रहण |
गर्भवती महिलाएं मंत्रों का जाप करें |
| 15 दिन बाद 8 नवंबर को चंद्र ग्रहण भी |
नुकीली चीजों का इस्तेमाल न करें |
ग्रहण के बाद दान करें |
| 10 साल बाद फिर दिवाली और सूर्य ग्रहण का संयोग |
ग्रहण के दौरान तुलसी समेत अन्य पेड़-पौधों को न छुएं |
ग्रहण के बाद पूजा स्थल को गंगाजल से धोएं और फिर पूजा करें |
| |
|
|
बांके बिहारी समेत देश के प्रमुख मंदिरों के पट हो चुके बंद
अब से कुछ घंटों के बाद ग्रहण का स्पर्श काल शुरू होने वाला है और शाम 4 बजे के बाद देश में आंशिक सूर्य ग्रहण शुरू हो जाएगा। उसके पहले देश के प्रमख मंदिरों और देवालयों के दरवाजे बंद कर दिए गए हैं। ऐसी मान्यता है कि ग्रहण के दौरान भगवान पर इसका बुरा प्रभाव पड़ता है इसलिए ग्रहण की बुरी छाया से बचने के लिए सभी मंदिरों के दरवाजें बंद कर दिए जाते हैं और ग्रहण की समाप्ति के बाद भगवान को गंगाजल से स्नान कराकर पूजा-पाठ करते हैं।
सूतक में क्यों नहीं होती भगवान की पूजा ?
अब से बस थोड़ी देर बाद आंशिक सूर्य ग्रहण लगने वाला है। यह साल का आखिरी सूर्य ग्रहण है, उसके पहले आज तड़के ही सूतक काल शुरू हो चुका है। शास्त्रों में सूतक लगने पर किसी भी तरह का शुभ कार्य नहीं किया जाता है। ग्रहण के दौरान सूतक लगने पर भगवान की पूजा-पाठ करना भी वर्जित होता है। दरअसल शास्त्रों में सू्र्य और चंद्रमा को प्रत्यक्ष देवता माना जाता है। ग्रहण के दौरान राहु-केतु सू्र्य और चंद्रमा को कुछ देर के लिए अपना ग्रास बना लेते हैं ऐसे में कुछ पलों के लिए राहु-केतु जैसे अशुभ ग्रह इन पर भारी रहते हैं। भगवान को कष्ट आने पर इसलिए उनकी पूजा नहीं की जाती क्योंकि ग्रहण के दौरान जब साधक भगवान की प्रार्थना करता है तो देवी-देवताओं को कष्ट में जागृति होना पड़ता है। इस कारण से ग्रहण के दौरान कष्ट को कम करने के लिए लगातार मंत्रों का जाप होता है।
दिल्ली NCR और उत्तर भारत के शहरों में इस समय शुरू होगा सूर्य ग्रहण
लोगों को दिवाली के बाद साल 2022 के आखिरी सूर्य ग्रहण का इंतजार है। अब से कुछ घंटों बाद ग्रहण आरंभ हो जाएगा। आइए जानते हैं दिल्ली समेत देश के उत्तरी हिस्सें में कितने बजे से शुरू होगा ग्रहण...
दिल्ली- शाम 4 बजकर 29 मिनट से शाम 5 बजकर 42 मिनट तक
अमृतसर- शाम 4 बजकर 19 मिनट से 5 बजकर 48 मिनट तक
भोपाल- शाम 4 बजकर 49 मिनट से 5 बजकर 46 मिनट तक
लखनऊ - शाम 4 बजकर 36 मिनट से 5 बजकर 29 मिनट तक
देहरादून- शाम 4 बजकर 26 मिनट से 5 बजकर 36 मिनट तक
शिमला- शाम 4 बजकर 23 मिनट से 5 बजकर 39 मिनट तक
ग्रहण के दौरान खाने-पीने की चीजों में क्यों रखते हैं तुलसी के पत्ते
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार सूर्य ग्रहण के दौरान सभी तरह के खाने-पीने की चीजें अपवित्र हो जाती हैं। इस कारण से खाने-पीने की चीजों में तुलसी के पत्ते डाल दिए जाते हैं ताकि सूर्य ग्रहण का नकारात्मक प्रभाव न पड़े। ग्रहण के दौरान वातावरण में नकारात्मक और दूषित किरणें फैली हुई होती हैं जो सेहत के लिए हानिकारक मानी गई हैं। आयुर्वेद में तुलसी के पत्तों का बहुत ही महत्व होता है। तुलसी के पत्ते संजीवनी होते हैं। तुलसी में एंटी-बैक्टीरिया और आयरन तत्व बहुत होते हैं। इसका सेवन करने से व्यक्ति की इम्युनिटी बढ़ती है।
आज सूर्य ग्रहण के कारण कल होगी गोवर्धन पूजा और भाई दूज
इस बार दिवाली के बाद सूर्य ग्रहण पड़ने के कारण गोवर्धन पूजा नहीं मनाई जा सके। अब 26 अक्तूबर को गोवर्धन पूजा और भाई दूज दोनों ही एक साथ मनाई जाएगी। इसके बाद 8 नवंबर को साल का आखिरी चंद्रग्रहण होगा।
सूर्य ग्रहण के दौरान जाप करने के मंत्र
सूर्य ग्रहण के दौरान लगातार जप करना चाहिए इन मंत्रों को...
1- “ॐ आदित्याय विदमहे दिवाकराय धीमहि तन्न: सूर्य:प्रचोदयात”
2- तमोमय महाभीम सोमसूर्यविमर्दन।
हेमताराप्रदानेन मम शान्तिप्रदो भव॥
3- ॐ श्रीं ह्रीं श्रीं कमले कमलालये
4- प्रसीद-प्रसीद श्रीं ह्रीं श्रीं महालक्ष्म्यै नम:॥
5- ॐ ह्लीं बगलामुखी सर्वदुष्टानां वाचं मुखं पदं स्तंभय
जिह्ववां कीलय बुद्धि विनाशय ह्लीं ओम् स्वाहा।।
6- विधुन्तुद नमस्तुभ्यं सिंहिका नन्दना च्युत
दानेनानेन नागस्य रक्ष मां वेधजाद्भयात्॥
विदेश में सूर्य ग्रहण जारी
यूरोप, उत्तरी अफ्रीका और एशिया के कुछ भागों में साल का आखिरी आंशिक सूर्य ग्रहण जारी है।
सौजन्य: timeanddate.com
साल का आखिरी सूर्य ग्रहण जारी...अमृतसर में सबसे पहले दिखा सूर्य ग्रहण
भारत में अमृतसर में सबसे पहले दिखा साल का आखिरी सूर्य ग्रहण। आइसलैंड में भारतीय समय के अनुसार दोपहर 02 बजकर 29 मिनट से ग्रहण शुरू हो चुका है। शाम 4 बजकर 30 मिनट पर रूस में ग्रहण अपने चरम पर होगा और 6 बजकर 33 मिनट पर ग्रहण खत्म हो जाएगा। यह ग्रहण करीब 2 घंटे तक रहेगा। भारत के ज्यादतर हिस्सों में इस आंशिक सूर्य ग्रहण को देखा जा सकता है। सूर्यास्त के साथ ही ग्रहण खत्म हो जाएगा।
देश में आंशिक सूर्य ग्रहण जारी...
अमृतसर, श्रीनगर, जम्मू, वृंदावन, दिल्ली NCR समेत देश के कई हिस्सों में सूर्य ग्रहण देखा जा रहा है। 27 साल बाद दिवाली के बाद लगा आंशिक सूर्य ग्रहण। यह सूर्य ग्रहण भारत में 30 प्रतिशत जबकि रूस और चीन में यह 80 प्रतिशत सूर्य ग्रहण दिखाई देगा।
देश में सूर्य ग्रहण जारी......जानें आप अपने शहर में कब तक देख पाएंगे... साल का आखिरी सूर्य ग्रहण
साल का आखिरी सूर्यग्रहण जारी...
| आपके शहर में सूर्य ग्रहण |
कब से |
कब तक |
| दिल्ली |
शाम 4 बजकर 29 मिनट से |
5 बजकर 42 मिनट तक |
| अमृतसर |
शाम 4 बजकर 19 मिनट से |
5 बजकर 48 मिनट तक |
| भोपाल |
शाम 4 बजकर 49 मिनट से |
5 बजकर 46 मिनट तक |
| जयपुर |
शाम 4 बजकर 31 मिनट से |
5 बजकर 49 मिनट तक |
| मुंबई |
शाम 4 बजकर 49 मिनट से |
6 बजकर 09 मिनट तक |
| रायपुर |
शाम 4 बजकर 51 मिनट से |
5 बजकर 31 मिनट तक |
| इंदौर |
शाम 4 बजकर 42 मिनट से |
5 बजकर 53 मिनट तक |
| उदयपुर |
शाम 4 बजकर 35 मिनट से |
6 बजकर 00 मिनट तक |
| लुधियाना |
शाम 4 बजकर 22 मिनट से |
5 बजकर 44 मिनट तक |
| शिमला |
शाम 4 बजकर 23 मिनट से |
5 बजकर 39 मिनट तक |
| लखनऊ |
शाम 4 बजकर 36 मिनट से |
5 बजकर 29 मिनट तक |
| कोलकाता |
शाम 4 बजकर 52 मिनट से |
5 बजकर 03 मिनट तक |
| चैन्नई |
शाम 5 बजकर 14 मिनट से |
5 बजकर 44 मिनट तक |
| बेंगलुरू |
शाम 5 बजकर 12 मिनट से |
5 बजकर 55 मिनट तक |
| पटना |
शाम 4 बजकर 42 मिनट से |
5 बजकर 23 मिनट तक |
| गांधीनगर |
शाम 4 बजकर 37 मिनट से |
6 बजकर 05 मिनट तक |
| देहरादून |
शाम 4 बजकर 26 मिनट से |
5 बजकर 36 मिनट तक |
तस्वीरों में देखें देश के अलग-अलग शहरों से सूर्य ग्रहण
कुरुक्षेत्र में सूर्य ग्रहण की तस्वीरें
दिल्ली से सूर्य ग्रहण की ऐसी तस्वीरें...
लखनऊ से आंशिक सूर्य ग्रहण की तस्वीरें...
अमृतसर से ग्रहण की तस्वीरें...
ग्रहण के खत्म होने के बाद जरूर करें ये कार्य...
- ग्रहण के खत्म होने के बाद गंगा स्नान करना चाहिए।
- ग्रहण के बाद दान करें।
- ग्रहण के बाद पूरे घर में गंगाजल का छिड़काव करना चाहिए।
- ग्रहण के बाद पूजा-पाठ करना चाहिए। पूजा स्थल पर गंगाजल का छिड़काव करना चाहिए।