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Magh Mela: 2026 में माघ मेला कब और कहां? संगम में डुबकी से पहले जान लें पूरी गाइड

Fri, 26 Dec 2025 10:52 AM IST
शिवानी अवस्थी लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

Magh Mela 2026: माघ मेले का आयोजन हर साल की तरह 2026 की शुरुआत में होने जा रहा है। इस दौरान श्रद्धालु संगम में स्नान करके आध्यात्मिक शांति और पवित्रता प्राप्त कर सकते हैं। लेकिन पहले ये जान लें कि माघ मेले 2026 का आयोजन कब से कब तक हो रहा है।
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माघ मेला 2026 - फोटो : Amar Ujala
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विस्तार
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Magh Mela 2026: माघ मेला हर साल माघ मास के दौरान त्रिवेणी संगम पर लगता है। इसे कुंभ का छोटा रूप माना जाता है। इस वर्ष भी जनवरी फरवरी में गंगा–यमुना और अदृश्य सरस्वती के संगम यानी उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में माघ मेले का आयोजन हो रहा है। इस मेले को तप, दान और आध्यात्मिक शुद्धि के लिए पवित्र अवसर माना जाता है। ऐसी मान्यता है कि माघ मेले में संगम स्नान से पापों से मुक्ति मिलती है और मोक्ष की प्राप्ति होती है। माघ मेले की सबसे बड़ी विशेषता इसका कल्पवास है। हजारों श्रद्धालु एक महीने तक संगम तट पर रहकर संयम, स्नान, दान और साधना करते हैं। माघ मेला समुद्र मंथन की कथा से जुड़ा है।  आइए जानते हैं साल 2026 में कब माघ मेला लग रहा है? माघ मेले का आयोजन क्यों होता है, इसका महत्व और शाही स्नान के लिए कहां जाएं।

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साल 2026 में माघ मेला कब है?

हर साल माघ मेले की शुरुआत पौष पूर्णिमा से होती है जो कि महाशिवरात्रि तक चलता है। इस साल माघ मेले की शुरुआत 3 जनवरी 2026 से हो रही है जो कि महाशिवरात्रि 15 फरवरी तक आयोजित रहेगा। इस बीच मकर संक्रांति और मौनी अमावस्या जैसे महत्वपूर्ण दिनों में शाही स्नान होंगे। माघ मेले में शाही स्नान प्रमुख स्नान पर्व है जो कि अत्यंत महत्वपूर्ण होते हैं। इनमें शामिल हैं,

  • पौष पूर्णिमा स्नान -3 जनवरी 2026
  • मकर संक्रांति स्नान- 14 जनवरी 2026
  • मौनी अमावस्या स्नान -18 जनवरी 2026
  • बसंत पंचमी स्नान - 23 जनवरी 2026
  • माघ पूर्णिमा स्नान- 1 फरवरी 2026
  • समापन महाशिवरात्रि स्नान- 15 फरवरी 2026 


माघ मेले की विशेषता 

इसमें अखाड़ों के शिविर लगते हैं। इस दौरान पूरे भारत से साधु- संत यहां आते हैं, यह स्थान उनकि तपस्थली बनती है। माह मेले में प्रवचन, कथा और यज्ञ का आयोजन होता है। यहां आने वाले यात्री देसी खानपान और ग्रामीण संस्कृति का अनुभव प्राप्त कर सकते हैं। यह उन यात्रियों के लिए आदर्श है, जो भीड़ से दूर रहकर आध्यात्मिक भारत को महसूस करना चाहते हैं।

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प्रयागराज में कहां करें स्नान 

माघ मेले में सबसे पवित्र और शाही स्नान के लिए प्रयागराज के त्रिवेणी संगम में डुबकी लगाएं। इसके अलावा अरैल घाट और दारागंज घाट भी स्नान के लिए प्रसिद्ध हैं।

यात्रियों के लिए जरूरी सलाह

माघ मेला मिनी कुंभ की तर्ज पर आयोजित हो रहा है। अगर आप 2026 में माघ मेला देखने जा रहे हैं, तो कुछ बातों का ध्यान रखें। जैसे, 

  • ठंड के लिए पूरी तैयारी रखें।
  • सरकारी टेंट सिटी या धर्मशालाओं में ठहरें।
  • प्रमुख स्नान पर्वों पर अतिरिक्त भीड़ के लिए मानसिक रूप से तैयार रहें।
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