देश के इतिहास को समझने के साथ ही छात्रों का आत्मविश्वास बढ़ाने के लिए ये बेहतर मौका हो सकता है। अगर आपका बच्चा भी इस साल 26 जनवरी के स्कूल कार्यक्रम में शामिल हो रहा है तो उसकी तैयारी हो, जो उसके आत्मविश्वास से प्रदर्शन करने के लिए प्रोत्साहित करे।
सही मार्गदर्शन और तैयारी के साथ बच्चा न केवल आत्मविश्वास से मंच पर उतरेगा, बल्कि अपने प्रदर्शन से दूसरों को भी प्रेरित करेगा। यहां बच्चों द्वारा गणतंत्र दिवस की तैयारी के लिए कुछ सुझाव दिए गए हैं।
भाषण या कविता कराएं याद
26 जनवरी का भाषण हो या कोई देशभक्ति से जुड़ी कविता, इस मौके पर बच्चा स्कूल की सभा के सामने प्रस्तुति कर सकता है। बच्चे को इसकी तैयारी पहले से कराएं। ध्यान रखें कि बच्चे को एक सरल और प्रेरणादायक भाषण याद कराएं। भाषण में छोटे वाक्य और स्पष्ट शब्दों का उपयोग करें। देशभक्ति की कविता सिखा रहे हैं तो उसे सही भावनाओं के साथ अभ्यास कराएं।
नृत्य या गायन की तैयारी
बच्चा देशभक्ति गीत की प्रस्तुति भी दे सकता है। उसके सारे जहां से अच्छा, वंदे मातरम, या ए मेरे वतन के लोगों जैसे गीत याद करा सकते हैं। गीत के बोल और सही उच्चारण पर ध्यान दें। गणतंत्र दिवस के कार्यक्रम में बच्चा नृत्य प्रस्तुति भी कर सकता है। किसी देशभक्ति गाने पर नृत्य की कोरियोग्राफी कराएं। सरल और प्रभावी स्टेप्स चुनें ताकि बच्चा आसानी से कर सके।
परिधान की तैयारी
सबसे पहले तो ये जान लें कि वह किस कार्यक्रम में प्रतिभाग कर रहा है, और उसके अनुरूप उसे तैयार करें। अगर बच्चा स्कूल यूनिफार्म में नहीं जा रहा है तो उसे पारंपरिक वेशभूषा अपनाने में मदद करें। बच्चे को भारत की विविधता दिखाने वाले पारंपरिक परिधान पहनाएं। जैसे, तिरंगे से प्रेरित कपड़े या किसी विशेष राज्य की पोशाक। थीम आधारित पोशाक जैसे महात्मा गांधी, सरदार वल्लभभाई पटेल, भगत सिंह की वेशभूषा में बच्चे को तैयार कर सकते हैं। इससे बच्चे का उत्साह बढ़ेगा और आत्मविश्वास भी बढ़ेगा। साथ ही जिन वेशभूषा को वह अपना रहा है, उसके बारे में जान पाएगा।
अभ्यास से बढ़ेगा आत्मविश्वास
जिस तरह की प्रस्तुति बच्चा देना चाहता है, उसका अभ्यास रोज कराएं। बच्चे को रोजाना मंच पर बोलने या प्रदर्शन करने की प्रैक्टिस कराएं। उसकी गति, आवाज और उच्चारण पर ध्यान दें। बच्चे को प्रोत्साहित करें और उसकी मेहनत की सराहना करें।