Dhanteras 2025: धनतेरस पर शुभ खरीदारी और उपहार देने की परंपरा प्राचीन काल से चली आ रही है। यह दिन धन, स्वास्थ्य और समृद्धि की देवी माता लक्ष्मी और भगवान धन्वंतरि की पूजा का प्रतीक है। माना जाता है कि इस दिन खरीदी गई चीजे घर में शुभता और सौभाग्य लेकर आती हैं। परंतु कुछ वस्तुएं ऐसी भी हैं, जिन्हें इस दिन गिफ्ट देना या लेना अशुभ माना गया है, क्योंकि वे नकारात्मक ऊर्जा और दुर्भाग्य का संकेत देती हैं। आइए जानें वो तीन चीजें, जिन्हें धनतेरस पर भूलकर भी उपहार में नहीं देना चाहिए।
धनतेरस सिर्फ सोना-चांदी खरीदने का दिन नहीं, बल्कि यह शुभ ऊर्जा और सकारात्मकता को आकर्षित करने का पर्व है। इस दिन छोटी-छोटी बातों का ध्यान रखने से आपकी पूजा और शुभ काम कई गुना फलदायी हो सकते हैं। आइए जानते हैं अगर आप धनतेरस पर किसी को तोहफा देना चाहते हैं तो क्या चीजें भूलकर भी गिफ्ट न करें।
लोहे या स्टील की वस्तुएं
धनतेरस पर कुछ धातुएं खरीदना अशुभ माना जाता है। साथ ही इन्हें तोहफे में देना या लेना भी अशुभ होता है। लोहे और स्टील का कोई गिफ्ट धनतेरस पर बिल्कुल घर न लाएं। वास्तु और ज्योतिष के अनुसार, लोहा शनि ग्रह से जुड़ा होता है, जो इस दिन की शुभ ऊर्जा को कम कर देता है। हालांकि लोहे या स्टील की जगह आप चांदी या पीतल का सामान गिफ्ट कर सकते हैं। ये लक्ष्मी जी को प्रिय धातुएं मानी जाती हैं और समृद्धि का प्रतीक हैं।
काले या गहरे रंग के कपड़े
काले रंग को नकारात्मक ऊर्जा और दुख का प्रतीक माना गया है। इसलिए धनतेरस या दीपावली जैसे शुभ पर्व पर काले रंग के कपड़े उपहार में देना या पहनना अशुभ प्रभाव डाल सकता है। इनकी जगह लाल, पीला, सुनहरा या गुलाबी जैसे रंग शुभता और सौभाग्य के प्रतीक माने जाते हैं। इन्हें गिफ्ट करें या पहनें।
कांच की वस्तुएं
धनतेरस पर किसी को तोहफे में कांच या शीशे वाली वस्तुएं नहीं देनी चाहिए। इस दिन कांच घर लाना अशुभ माना जाता है। ऐसे में तोहफे में शीशा या कांच देना उत्तम नहीं होता।