मानसून सिर्फ भीगने तक सीमित नहीं है। इस मौसम में नमी बढ़ने से कपड़ों में बदबू, जूते गीले होना, इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स को नुकसान, वायरल संक्रमण और त्वचा संबंधी समस्याओं का जोखिम भी बढ़ जाता है। अगर आप रोज़ घर से ऑफिस के लिए निकलते हैं, तो आपके बैग में क्या होना चाहिए, किस तरह के कपड़े पहनने चाहिए और सफर के दौरान किन बातों का ध्यान रखना चाहिए, यह जानना बेहद जरूरी है।
हमेशा रखें फोल्डिंग छाता या हल्का रेनकोट
बारिश का मौसम कब करवट बदल ले, कहा नहीं जा सकता।
वाटरप्रूफ बैग या रेन कवर का इस्तेमाल करें
लैपटॉप, मोबाइल और जरूरी दस्तावेज़ों को सुरक्षित रखना बेहद जरूरी है। बैग में रखें,
अतिरिक्त कपड़े और मोजे रखें
अगर रास्ते में भीग जाएं तो ऑफिस पहुंचकर कपड़े बदलना बेहतर रहेगा। बैग में रखें,
सही फुटवियर चुनें
मानसून में चमड़े के जूते जल्दी खराब हो सकते हैं।
समय से पहले निकलें
बारिश में ट्रैफिक सामान्य से अधिक हो सकता है।
मोबाइल और गैजेट्स को सुरक्षित रखें
इन बातों का रखें ध्यान।
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वाटरप्रूफ मोबाइल पाउच रखें।
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पावर बैंक साथ रखें।
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भीगे हाथों से चार्जिंग न करें।
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लैपटॉप के लिए वाटर-रेसिस्टेंट स्लीव का उपयोग करें।
बारिश में हेल्थ का भी रखें ध्यान
नमी और गंदे पानी के कारण संक्रमण का खतरा बढ़ सकता है।
दफ्तर के डेस्क पर रखें ये जरूरी चीजें
मौसम का अपडेट देखकर ही निकलें
आज कई मौसम ऐप और वेबसाइट समय-समय पर बारिश की जानकारी देती हैं।
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भारी बारिश वाले समय से बच सकते हैं।
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वैकल्पिक रास्ता चुन सकते हैं।
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यात्रा की बेहतर योजना बनती है।
मानसिक तैयारी भी है जरूरी
बारिश में देरी या ट्रैफिक होना सामान्य बात है। याद रखें,
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जल्दबाज़ी में वाहन न चलाएं।
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पानी भरी सड़क पर सावधानी रखें।
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धैर्य बनाए रखें।
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सुरक्षा को प्राथमिकता दें।
मानसून में क्या न करें?
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पानी भरी सड़क में बिना देखे न चलें।
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गीले जूतों को लंबे समय तक न पहनें।
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भीगे कपड़ों में घंटों न रहें।
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इलेक्ट्रॉनिक सामान को बिना सुरक्षा के बैग में न रखें।
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ट्रैफिक में जल्दबाज़ी न करें।