पिछले साल दिसंबर में स्वीडन में हुए एक शोध में कहा गया है कि जिन घरोंं में जितने ज्यादा पालतू जानवर होते हैं, वहां पैदा होने वाले बच्चों को एलर्जी का खतरा उतना ही कम रहता है। इस शोध को करने के लिए शोधकर्ताओं ने 1,278 बच्चों का परीक्षण किया। शोध में पाया गया है कि जो बच्चे 18 महीन, 3 साल, आठ एवं नौ साल के बीच की उम्र में पालतू जानवरों के बीच पलते हैं, उनको एलर्जी का खतरा उतना कम रहता है।
शोध में बताया गया है कि 49 फीसदी घर ऐसे हैं जहां कोई पालतू जानवर नहीं है और वहां पैदा होने वाले बच्चे पहले 12 महीने के भीतर ज्यादा एलर्जी की समस्या से ग्रसित रहते हैं। जिन घरों में एक डॉगी होता है वहां बच्चों को 43 फीसदी ही एलर्जी की संभावना होती है। जो बच्चे तीन पालतू जानवरों के बीच पलते हैं उनको 24 फीसदी तक एलर्जी की संभावना रहती है। जो बच्चे पांच और उससे ज्यादा पालतू जानवरों के बीच पलते हैं उनको बचपन में किसी भी तरह की एलर्जी नहीं होती है।