कोरोना वैक्सीन जल्द से जल्द बाजार में आ जाए और लोगों की जान बचाए, इसको लेकर दुनियाभर के वैज्ञानिक प्रयास कर रहे हैं। हालांकि रूस और चीन तो पहले से ही अपने लोगों को वैक्सीन दे रहे हैं और अमेरिका और ब्रिटेन जैसे विकसित देशों में वैक्सीन के आपातकालीन इस्तेमाल को लेकर विचार किया जा रहा है। ऐसा माना जा रहा है कि नवंबर तक अमेरिका में वैक्सीन उपलब्ध हो भी जाएगी, लेकिन बाकी देशों का क्या? कुछ दिन पहले इसी से संबंधित एक सवाल उठा था कि क्या अमीर और ताकतवर देशों को पहले वैक्सीन मिल जाएगी और कम आय वाले देश पिछड़ जाएंगे। इसी असमंजस को खत्म करने के लिए एक प्लान बनाया गया है, जिसे 'कोवाक्स प्लान' या 'कोवाक्स फैसिलिटी' नाम दिया गया है। इसका संचालन विश्व स्वास्थ्य संगठन, गावी और सीईपीआई नामक संस्था मिलकर कर रहे हैं।