वैज्ञानिकों का दावा है कि वो इस बात का पता लगाने में कामयाब रहे हैं कि क्यों कुछ परिवारों में तरह-तरह के कैंसर की बीमारियां पनपती हैं। ये बात उनके मुताबिक आनुवांशिक परीक्षणों या जनेटिक टेस्टिंग में सामने आई।
कैंसर में दुर्लभ और आसाधारण मानी जाने वाली किस्म सारकोमा से ग्रसित 1100 मरीजों पर किए गए परीक्षणों में पाया गया कि इनमें से आधे से ज्यादा मरीज कैंसर के जोखिम को बढ़ाने वाले जीन म्यूटेशन के साथ पैदा हुए थे।
शोध में पाया गया कि स्तन, गर्भाशय और आंतों के कैंसर वाले मरीज अधिकतर जीन म्यूटेशन का शिकार होते हैं। लैंसेट ऑनकालाजी पत्रिका में छपे एक अध्ययन के मुताबिक जीनों में म्यूटेशन पर हुआ शोध कैंसर के इलाज में मददगार साबित हो सकते हैं।