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बोतल से दूध पिलाने से बच्चों के स्वास्थ्य पर पड़ता है असर, इम्यून सिस्टम होता है कमजोर

Fri, 10 Jul 2020 07:40 AM IST
योगेश जोशी लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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बोतल से दूध पिलाने से बच्चे के स्वास्थ्य पर विपरित प्रभाव पड़ता है- सांकेतिक तस्वीर - फोटो : social media
आमतौर पर जब तक बच्चा 6 महीने का ना हो जाए तब तक उसे स्तनपान करवाने की सलाह दी जाती है। कई विशेषज्ञों के अनुसार बच्चे के लिए 6 माह तक स्तनपान बहुत जरूरी होता है। स्तनपान से ही बच्चे को जरूरी पोषक तत्व प्राप्त होते हैं।

ऐसा कहा जाता है कि जब बच्चा 6 महीने का हो जाए तो उसे बोतल से दूध पिलाया जा सकता है। परंतु बोतल से दूध पिलाने से बच्चे के स्वास्थ्य पर विपरित प्रभाव पड़ता है। आज हम आपको बताएंगे कि बच्चों को बोतल से दूध पिलाने से क्या नुकसान होता है....
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बोतल से दूध पिलाने से बच्चों को जरूरी पोषण नहीं मिल पाता है- सांकेतिक तस्वीर - फोटो : social media
जरूरी पोषण नहीं मिल पाता है
  • बोतल से दूध पिलाने से बच्चों को जरूरी पोषण नहीं मिल पाता है। कई शोधों में ये दावा किया गया है कि जो बच्चे स्तनपान करते हैं वो बोतल से दूध पीने वाले बच्चों के मुकाबले अधिक स्वस्थ होते हैं। 
 
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बोतल से दूध पीने वाले बच्चों को भविष्य में मोटापा की समस्या का सामना करना पड़ सकता है- सांकेतिक तस्वीर - फोटो : social media
मोटापा बढ़ सकता है
  • बोतल से दूध पीने वाले बच्चों को भविष्य में मोटापा की समस्या का सामना करना पड़ सकता है। एक शोध के अनुसार स्तनपान करने वाले बच्चे बोतल से दूध पीने वाले बच्चों की तुलना में अधिक स्वस्थ रहते हैं।

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स्तनपान करने वाले बच्चों का इम्यून सिस्टम मजबूत होता है- सांकेतिक तस्वीर - फोटो : Pixabay
इम्यून सिस्टम कमजोर होता है
  • बोतल से दूध पीने वाले बच्चों का इम्यून सिस्टम कमजोर होता है। स्तनपान करने वाले बच्चों का इम्यून सिस्टम मजबूत होता है। मां के दूध में सभी जरूरी पोषक तत्व पाए जाते हैं जो इम्यन सिस्टम को मजबूत करने में सहायक होते हैं। 

 
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बोतल का दूध पीने से बच्चे को इंफेक्शन हो सकता है- सांकेतिक तस्वीर - फोटो : Pexels
इंफेक्शन हो सकता है
  • बोतल का दूध पीने से बच्चे को इंफेक्शन भी हो सकता है। कई बच्चों को बोतल का दूध पीने की वजह से दस्त, छाती में इंफेक्शन, यूरीन इंफेक्शन जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ता है।

 
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स्तनपान करवाने से मां और बच्चे के बीच एक मजबूत रिश्ता बनता है- सांकेतिक तस्वीर - फोटो : Pixabay
मां और बच्चे के रिश्ते में पड़ता है असर
  • एक अध्ययन के अनुसार बोतल का दूध पीलाने से मां और बच्चे के रिश्ते में दूरियां भी बढ़ने लगती है। स्तनपान करवाने से मां और बच्चे के बीच एक मजबूत रिश्ता बनता है।
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