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Cyclone Jawad: आसान शब्दों में समझें क्या है चक्रवात जवाद और कैसे पड़ा इसका ये नाम?

Thu, 02 Dec 2021 02:36 PM IST
संकल्प सिंह लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

भारतीय मौसम विभाग ने देश भर में चक्रवात जवाद को लेकर अलर्ट जारी कर दिया है। बताया जा रहा है कि ये तूफान 4 दिसंबर को ओडिशा और आंध्र प्रदेश के तटों से टकराएगा। इसी कड़ी में आज हम आपको बताने वाले हैं कि जवाद चक्रवात क्या है? और कैसे इस तूफान का नाम जवाद पड़ा?
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Cyclone Jawad - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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भारतीय मौसम विभाग ने देश भर में चक्रवात जवाद को लेकर अलर्ट जारी कर दिया है।  बताया जा रहा है कि ये तूफान 4 दिसंबर को ओडिशा और आंध्र प्रदेश के तटों से टकराएगा। ऐसे में इससे जुड़े संबंधित विभाग सतर्क हो चुके हैं। मौसम पूर्वानुमान विभाग ने इस बात की जानकारी दी है कि ये चक्रवात 3 दिसंबर को मध्य बंगाल की खाड़ी में चक्रवात के रूप में विकसित हो सकता है। इस कारण रेस्क्यू अभियान से जुड़े सभी विभाग जवाद चक्रवात को लेकर अलर्ट पर हैं। 

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ये चक्रवाती तूफान दक्षिण पश्चिम मानसून खत्म होने के बाद आया है। कयास ये लगाए जा रहे हैं कि जवाद चक्रवात जब सतह से टकराएगा उस दौरान 117 किलोमीटर घंटे की रफ्तार से हवा चल सकती है। ऐसे में भारी बारिश होने की संभावना को व्यक्त किया जा रहा है। इसी कड़ी में आज हम आपको बताने वाले हैं कि जवाद चक्रवात क्या है? और कैसे इस तूफान का नाम जवाद पड़ा?

क्या है जवाद का अर्थ?

जवाद एक अरबी शब्द है। अरबी शब्द में इसका अर्थ उदार या फिर दयालु होता है। इस कारण ये तूफान ज्यादा खतरनाक नहीं होने वाला है। इस चक्रवात का आम जन जीवन पर उतना विनाशकारी असर नहीं पड़ेगा, जितना की बाकी चक्रवाती तूफानों का पड़ता है। 

कैसे इस तूफान का नाम जवाद पड़ा?

कुछ रिपोर्ट्स के अनुसार इस तूफान का नाम जवाद सऊदी अरब के सुझाव पर रखा गया है। संभावना यह भी जताई जा रही है कि इस तूफान के कारण महाराष्ट्र और गुजरात के कई हिस्सों में भारी बारिश हो सकती है। 

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जवाद तूफान के अलर्ट को देखते हुए एनडीआरएफ के जवानों को रेस्क्यू अभियानों के लिए तैयार कर दिया गया है। वहीं पिछले साल मई में आए अम्फान चक्रवात के कारण कई लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा था। इस तूफान के कारण कई लोगों के घरों को नुकसान पहुंचा था। बचाव कार्य में लाखों लोगों को उनके घरों से निकालकर सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया था। 
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