ललिता ने एक्टिंग के क्षेत्र में थिएटर कलाकार के रूप में कदम रखा था। वह सबसे पहले केपीएसी (केरल पीपुल्स आर्ट्स क्लब) के साथ जुड़ी थीं। यहीं से उन्होंने थिएटर कलाकार के रूप में अभिनय करना शुरू किया। इसके बाद उन्होंने फिल्मों में काम करना शुरू किया। ललिता ने साल 1969 में के.एस सेतुमाधवन द्वारा निर्देशित 'कुट्टुकुडुंबम' से फिल्म इंडस्ट्री में कदम रखा था। इसके बाद उन्होंने कई फिल्मों में काम किया।
ललिता अपने करियर में अच्छा काम कर रही थीं लेकिन उन्होंने 1970 के आखिर में अचानक ही फिल्मों से ब्रेक ले लिया था। हालांकि, उन्होंने 1983 में फिर से इंडस्ट्री में वापसी की। उन्होंने फिल्म 'कट्टाथे किलिककूडु' के साथ कमबैक किया था। इसके बाद उन्होंने कई फिल्मों में काम किया।
अभिनेत्री ललिता ने अपने पूरे करियर में 550 से अधिक फिल्मों में अभिनय किया है। अपनी शानदार एक्टिंग के लिए वह कई पुरस्कारों से सम्मानित हो चुकी हैं। उन्होंने चार राज्य पुरस्कार जीते हैं और वह दो बार सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेत्री का राष्ट्रीय पुरस्कार भी हासिल कर चुकी हैं।