मंजूर परियोजनाओं और इस्पात क्षेत्र में बड़ा निवेश
मंजूर की गई परियोजनाएं इस्पात, दुर्लभ पृथ्वी धातु बनाने, ऑटोमोबाइल और उसके पार्ट्स, सेमीकंडक्टर, औद्योगिक गैस, फेरोअलॉय और बिजली व नवीकरणीय ऊर्जा जैसे बड़े क्षेत्रों में हैं। ये परियोजनाएं ढेंकनाल, गंजाम, क्योंझर और खुर्दा जिलों में फैली हुई हैं।
इस्पात क्षेत्र में, सैफ्रॉन रिसोर्सेज प्राइवेट लिमिटेड (जेएसडब्ल्यू समूह की एक कंपनी) को ढेंकनाल में 6 मीट्रिक टन प्रति वर्ष (एमटीपीए) इस्पात संयंत्र स्थापित करने के लिए 35,000 करोड़ रुपये के विशाल निवेश की मंजूरी मिली है। अकेले इस परियोजना से लगभग 8,000 रोजगार के अवसर पैदा होने की उम्मीद है।
दुर्लभ पृथ्वी धातु निर्माण में निवेश
जिंदल पॉली फिल्म्स लिमिटेड ने गंजाम में दुर्लभ पृथ्वी धातु बनाने के लिए 12,000 करोड़ रुपये का निवेश करने की योजना बनाई है। कंपनी यहां 0.5 एमटीपीए टाइटेनियम डाइऑक्साइड पिगमेंट बनाने की इकाई स्थापित करेगी। अधिकारियों के अनुसार, इस परियोजना से लगभग 4,000 नए रोजगार के अवसर पैदा होंगे।
उन्होंने बताया कि ऑटोमोबाइल और ऑटो-कंपोनेंट्स क्षेत्र में, एक प्रतिष्ठित कंपनी गंजाम में टायर, कार्बन ब्लैक और जिंक ऑक्साइड के विनिर्माण के लिए 1,697 करोड़ रुपये का निवेश करेगी, जिससे 685 रोजगार सृजित होंगे।
उच्च-तकनीकी विनिर्माण में ओडिशा की उपस्थिति को बढ़ावा देते हुए, सैनकोड सेमी प्राइवेट लिमिटेड खुर्दा में 1,649.98 करोड़ रुपये के निवेश से आउटसोर्स्ड सेमीकंडक्टर असेंबली एंड टेस्टिंग (OSAT) इकाई स्थापित करेगी और 570 रोजगार सृजित करेगी।
औद्योगिक गैस, फेरोअलॉय और बिजली क्षेत्र में 5,000 करोड़ से अधिक निवेश
औद्योगिक गैस क्षेत्र में इनॉक्स एयर प्रोडक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड ने ढेंकनाल में 1,300 करोड़ रुपये का निवेश किया है, जिससे लगभग 180 रोजगार के अवसर सृजित होंगे और उच्च गुणवत्ता वाली गैसों की मांग पूरी होगी।
फेरोअलॉय सेक्टर में, फेरो अलॉयज कॉर्पोरेशन लिमिटेड क्योंझर में फेरो मैंगनीज, सिलिको मैंगनीज और मैंगनीज अयस्क शोधन सुविधाओं के साथ-साथ 100 मेगावाट के कैप्टिव पावर प्लांट की स्थापना के लिए 2,000 करोड़ रुपये का निवेश करेगी, जिससे 772 रोजगार के अवसर सृजित होंगे।
इसी प्रकार, जीएमआर कमलंगा एनर्जी लिमिटेड के ढेंकनाल में 2,136.02 करोड़ रुपये की लागत से 350 मेगावाट का थर्मल पावर प्लांट स्थापित करने के प्रस्ताव को मंजूरी मिल गई है। इस परियोजना से 300 लोगों को रोजगार मिलेगा।