दो भर्ती संस्थाओं के बीच तालमेल नहीं होने का खामियाजा लाखों प्रतियोगियों को चुकाना पड़ेगा। उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग और कर्मचारी चयन आयोग (एसएससी) की दो भर्तियों की परीक्षाएं टकरा गईं हैं। दोनों आयोगों की परीक्षा 20 मार्च को है। एसएससी ने इलाहाबाद में 98 परीक्षा केंद्र बनाए हैं।
लोक सेवा आयोग को इसकी सूची भी भेज दी है। इससे आयोग के सामने भी परीक्षा केंद्र न मिलने का संकट खड़ा हो गया है। ऐसे में यदि एक परीक्षा टाली नहीं गई तो लाखों अभ्यर्थियों को किसी एक अवसर से वंचित होना पड़ेगा।
लोक सेवा आयोग की पीसीएस-2016 प्रारंभिक परीक्षा 20 मार्च को प्रस्तावित है। इसके लिए आवेदन की प्रक्रिया इसी महीने की 16 तारीख को पूरी हुई है। इसमें आवेदकों की संख्या तीन लाख से अधिक बताई जा रही है। इसी दिन एसएससी की सीपीओ-एसआई भर्ती परीक्षा है।
इसमें भी दो लाख से अधिक अभ्यर्थी पंजीकृत हैं। दोनों भर्तियों की योग्यता समान होने की वजह से ज्यादातर प्रतियोगियों ने दोनों भर्तियों के लिए आवेदन किया है। ऐसे में परीक्षा तिथि टकराने से इनके सामने एक अवसर से वंचित होने का खतरा बन गया है।
इसके अलावा एसएससी की ओर से उत्तर प्रदेश में इलाहाबाद और लखनऊ में परीक्षा कराने का निर्णय लिया गया है। अकेले इलाहाबाद में 98 केंद्रों पर सीपीओ-एसआई भर्ती परीक्षा होगी। ऐसे में आयोग के लिए परीक्षा कराने के लिए शहर में परीक्षा केंद्र ढूंढने की चुनौती होगी।
इसी समस्या का लखनऊ में भी सामना करना पड़ेगा। एसएससी के क्षेत्रीय निदेशक जेपी गर्ग ने बताया कि परीक्षा केंद्रों का चयन कर लिया गया है। उनकी ओर से संस्तुति भी मिल गई है। इनकी सूची लोक सेवा आयोग को भी भेज दी गई है।