Career Tips: आजकल बहुत-सी कंपनियां उम्मीदवारों से कवर लेटर की अपेक्षा नहीं करती हैं। इसी वजह से पेशेवर भी इस पर ज्यादा ध्यान नहीं देते हैं और इसके बगैर ही इंटरव्यू में अपना रिज्यूमे जमा कर देते हैं। बहुत से लोग सोचते हैं कि इसे बनाना समय की बर्बादी है, लेकिन एक प्रभावी कवर लेटर आवेदन प्रक्रिया के अगले चरण में पहुंचने की संभावना को काफी हद तक बढ़ा सकता है। अच्छी तरह से लिखा गया कवर लेटर आपकी मजबूत छाप छोड़ता है। ऐसे में, कवर लेटर को अनदेखा करने के बजाय इससे जुड़ी कुछ बातों पर गौर करें।
रिज्यूमे की भरपाई
कवर लेटर आपको अपना व्यक्तित्व, संचार कौशल और नौकरी में आपकी वास्तव में रुचि क्यों है, यह दिखाने का मौका देता है, जो कि रिज्यूमे नहीं कर सकता। एक मजबूत कवर लेटर एक कमजोर रिज्यूमे को इंटरव्यू तक पहुंचने में मदद कर सकता है, जबकि एक कमजोर कवर लेटर एक मजबूत आवेदक को भी नुकसान पहुंचा सकता है। कवर लेटर आपकी अभिव्यक्तियों का वर्णन करने का भी अवसर होता है, जिसमें ऐसे काम और प्रयास शामिल होते हैं, जो आपको प्रेरित करते हैं।
कब भेजें, कब नहीं
पेशेवरों के सामने सबसे बड़ी दुविधा यह है कि कवर लेटर कब भेजना चाहिए और कब नहीं? इसका जवाब यह है कि अगर आपसे स्पष्ट रूप से ऐसा न करने के लिए कहा जाए, तो कवर लेटर न भेजें। हालांकि, जब यह वैकल्पिक हो, तब इसे भेजना एक अच्छा विचार होता है, क्योंकि यह आपको दूसरों से अलग दिखने में मदद कर सकता है। यदि जॉब पोस्टिंग में कवर लेटर का उल्लेख नहीं है, तो भी आप अपने रिज्यूमे के साथ एक कवर लेटर अपलोड कर सकते हैं। यह आपके आवेदन पर सकारात्मक असर डाल सकता है।
किन बातों का हो ब्योरा
आपके कवर लेटर में उन्हीं बातों का ब्योरा होना चाहिए, जो नियोक्ता या प्रबंधक जानना चाहते हैं। रिज्यूमे इस सवाल का जबाव देता है कि आप नौकरी करने के लिए योग्य क्यों है, जबकि कवर लेटर बताता है कि आप यह नौकरी चाहते क्यों हैं? इसके जवाब में नौकरी के इतिहास और कौशल के बारे में बताने के बजाय यह बजाएं कि आपके अनुभव आपके जुनून को कैसे बढ़ाते हैं और आप जिस नौकरी में आवेदन कर रहे हैं, वह आपकी प्राथमिकताओं से कैसे मेल खाती है?
प्रभावी कवर लेटर बनाने का तरीका
एक मजबूत कवर लेटर बनाने के लिए, सुनिश्चित करें कि यह प्रासंगिक, अच्छी तरह से लिखा हआ और व्यवस्थित हो। विशिष्ट नौकरी और कंपनी के लिए अपनी वास्तविक उत्सुकता दिखाकर शुरुआत करें। अपने कौशल और अनुभवों को सीधे नौकरी विवरण में बताई गई बातों से जोड़ें।