झारखंड सरकार ने राज्य में धान खरीद के लक्ष्य में संशोधन करते हुए इसे 50 लाख क्विंटल से घटाकर 40 लाख क्विंटल कर दिया है। कुछ महीने पहले राज्य सरकार ने 50 लाख क्विंटल धान खरीदने का लक्ष्य निर्धारित किया था, लेकिन अब इस निर्धारित लक्ष्य को घटा दिया गया है।
इसके साथ ही राज्य सरकार ने धान उत्पादक किसानों को दिए जाने वाले बोनस में वृद्धि करने का महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। पहले किसानों को प्रति क्विंटल धान पर 84 रुपये बोनस प्राप्त होता था। अब इसे बढ़ाकर 109 रुपये प्रति क्विंटल करने का नया प्रस्ताव तैयार किया गया है। राज्य सरकार इस बोनस वृद्धि से संबंधित प्रस्ताव को मंगलवार को होने वाली कैबिनेट की बैठक में पेश करेगी।
न्यूनतम समर्थन मूल्य की स्थिति
केंद्र सरकार ने खरीफ विपणन मौसम 2026-27 के लिए धान की अलग-अलग श्रेणियों का न्यूनतम समर्थन मूल्य निर्धारित कर दिया है। केंद्र सरकार की ओर से सामान्य धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य 2,441 रुपये प्रति क्विंटल तय किया गया है। इसके अलावा उच्च गुणवत्ता वाले ग्रेड 'ए' धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य 2,461 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित किया गया है। केंद्र सरकार की इस दर पर राज्य सरकार का अतिरिक्त बोनस जोड़ा जाएगा।
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किसानों को प्राप्त होने वाली कुल दरें
राज्य सरकार की ओर से 109 रुपये प्रति क्विंटल बोनस दिए जाने के प्रस्ताव के लागू होने पर किसानों को धान का बेहतर मूल्य मिलेगा। इस प्रस्ताव के अनुसार सामान्य धान बेचने वाले किसानों को केंद्र के समर्थन मूल्य और राज्य के बोनस को मिलाकर कुल 2,550 रुपये प्रति क्विंटल की दर प्राप्त होगी। वहीं दूसरी तरफ ग्रेड 'ए' धान बेचने वाले किसानों को कुल 2,570 रुपये प्रति क्विंटल का भुगतान किया जाएगा। राज्य मंत्रिमंडल की आगामी बैठक में बोनस बढ़ोतरी से जुड़े इस प्रस्ताव पर विचार किया जाएगा।