दुमका पुलिस ने रविवार को जोनल कमांडर-रैंक माओवादी कैडर ताल दा उर्फ शाहदेव राय को मार गिराया। शाहदेव जो जुलाई 2013 में पाकुड़ के पुलिस अधीक्षक अमरजीत बलिहार की हत्या और लूट के कई मामलों में वांछित था। पुलिस ने कहा कि घटना सुबह 7 बजे की है।
मारे गए माओवादी के सर पर 10 लाख रुपये का इनाम था। अतिरिक्त महानिदेशक (संचालन) आरएल मीणा ने बताया कि दुमका जिले के शकरिपाड़ा पुलिस थाना सीमा के तहत चातुपदा जंगलों में माओवादियों और पुलिस बलों के बीच मुठभेड़ हुई। मीना ने आगे बताया कि 2019 में माओवादियों के साथ एनकाउंटर की ये पहली बड़ी कामयाबी है।
दिसंबर 2018 में पुलिस ने लगभग 20 माओवादियों को पकड़ा और मार गिराया। रविवार को देर रात तक पुलिस द्वारा जंगलों में सर्च ऑपरेशन चलाया गया। एसपी वाई एस रमेश ने कहा कि एक सूचना मिली थी कि जंगलों में माओवादी छिपे हुए हैं।
इसी आधार पर ये ऑपरेशन पूरा किया गया। पुलिस ने नक्सलियों के पास से एक इंसास और एक एके -47 राइफल, 400 जिंदा और 50 जले हुए कारतूस जब्त किए हैं। माओवादी दस्ते में लगभग 20 सदस्य थे वे भागने में सफल रहे। रमेश ने कहा कि हम उन्हें गिरफ्तार करने के लिए छापेमारी कर रहे हैं।