500 और 1000 के पुराने नोट बंद होने से नक्सलियों की हालत दयनीय होती जा रही है। केन्द्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने भी दावा किया है कि नोटबंदी से नक्सलियों की गतिविधि में कमी आई है। अब झारखंड के लातेहार से खबर आ रही है कि जांच से बचने के लिए नक्सली जबरदस्ती बुजुर्गों से 1,000 और 500 के बड़े नोट पर बदलवा रहे हैं।
लातेहर जिले के अधीक्षक अनुप बरथरे ने कहा कि यह सही है, हम लोगों को ऐसी जानकारी मिली है कि नक्सली गांववालों का उपयोग वसूली किए गए पैसों को बैंक में जमा कराने के लिए कर रहे हैं ताकि वह मान्य नोटों में बदल जाए। सिर्फ बुजुर्ग ही नहीं युवा लोगों के भी इसमें शामिल होने की आशंका है।
बरथरे ने कहा कि पिछले दो दिनों से पुलिस कई स्थानों पर उन लोगों को पकड़ने के लिए तलाश जारी किए हुए है, जो इस गैरकानूनी काम में शामिल हैं। अधीक्षक ने कहा कि हमें शक है कि कुछ स्थानीय लोग जो नक्सल समर्थक हैं, वो इनकी मदद कर रहे हैं।
बता दें कि नक्सल प्रभावित इलाकों में से एक लातेहर जिला, जहां नक्सलियों ने टैक्स और फिरौती के रूप में करोड़ों रुपये वसूले हैं।