झारखंड की राजनीति में जल्द ही बड़ी हलचल देखने को मिल सकती है। झारखंड में अपना जनाधार खो रही भाजपा अपने सहयोगी दल आजसू को किनारा करने के बाद बाबूलाल मरांडी की पार्टी का भाजपा में विलय के लिए तैयार दिख रही है। बहुत ही जल्द बाबूलाल मरांडी की पार्टी जेवीएम का भाजपा में विलय हो जाएगा।
मरांडी को मिल सकती है बड़ी जिम्मेदारी
विलय के बाद संगठन के स्वरूप और उसमें बाबूलाल मरांडी की भूमिका पर भी चर्चा हुई। भाजपा नेताओं ने मरांडी को महत्वपूर्ण दायित्व देने की बात कही, पर मरांडी ने कहा कि वे एक सामान्य कार्यकर्ता के रूप में भाजपा में शामिल होंगे। उन्हें पद की कोई लालसा नहीं। मरांडी ने अमित शाह से आग्रह किया के वे पार्टी के विलय समारोह में शामिल हों। सूत्रों के मुताबिक झाविमो के भाजपा में विलय के बाद बाबूलाल को बड़ा पद दिए जाने की संभावना है।
बता दें कि वर्ष 2000 में जब बिहार से अलग होकर झारखंड राज्य बना था, उस वक्त बाबूलाल मरांडी भाजपा के दिग्गज नेता थे और प्रदेश के पहले मुख्यमंत्री बने थे।