- बर्फबारी संभावित क्षेत्रों में हिमस्खलन का खतरा, लेह और गुलमर्ग में रात के बाद दिन का पारा भी माइनस पहुंचा
- प्रदेश में 27 फरवरी से फिर पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने के आसार
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग को चौथे दिन वीरवार की शाम चार बजे आंशिक रूप से खोला गया। हाईवे खोलने के बाद रास्ते में फंसे वाहनों को निकाला गया। इससे पहले सुबह रामबन के सेरी इलाके में भूस्खलन के कारण मलबे में दबने से उत्तर प्रदेश के मुजफ्फर नगर के रहने वाले श्रमिक देशपाल की मौत हो गई। कश्मीर के अलावा जम्मू संभाग के कई जिलों में रात का तापमान शून्य डिग्री से नीचे चल रहा है। लेह और गुलमर्ग में कड़ाके की ठंड के बीच दिन का पारा भी माइनस डिग्री से नीचे चल रहा है। वीरवार को प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में मौसम साफ रहा और धूप खिली।
मौसम विज्ञान केंद्र श्रीनगर के अनुसार, 27 फरवरी से जम्मू-कश्मीर में फिर से पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने की आशंका है, जिससे कुछ हिस्सों में बारिश और बर्फबारी होगी। मार्च के शुरू में भी मौसम का मिजाज बदला रहेगा। बर्फबारी संभावित क्षेत्रों में हिमस्खलन के खतरे को देखते हुए लोगों को एडवाइजरी के तहत यात्रा करने की सलाह जारी की गई है। जम्मू में वीरवार को दिनभर धूप खिली और यहां अधिकतम तापमान 22.2 व बुधवार की रात का पारा 9.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। लेह में दिन का तापमान माइनस 1.8, गुलमर्ग में माइनस 0.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। श्रीनगर में अधिकतम तापमान सामान्य से गिरकर 9.8, पहलगाम में 8.5, बनिहाल में 10.2, बटोत में 10.1, कटड़ा में 19.0 और भद्रवाह में 7.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
कहां कितना न्यूनतम पारा (डिग्री सेल्सियस में)
लेह -13.8
गुलमर्ग -10.4
पहलगाम -8.6
कोकरनाग -5.4
काजीगुंड -4.4
कुपवाड़ा -3.1
बनिहाल -3.2
बटोत -1.0
भद्रवाह -1.0
श्रीनगर -1.0