अखनूर। म्यूनिसिपल कमेटी के सफाई कर्मचारी मांगों को लेकर चार दिन से हड़ताल पर हैं। ऐसे में नगर की सफाई व्यवस्था चौपट हो गई है। जगह-जगह गंदगी के ढेर लगने शुरू हो गए हैं। दूसरी तरफ प्रशासन सफाई कर्मियों की मांगों को न तो समाधान कर रही है और नहीं सफाई व्यवस्था को लेकर ही कोई गंभीरता दिखा रही है।
म्यूनिसिपल कमेटी के सफाई कर्मी लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं। मांग कर रहे हैं कि दैनिक वेतनभोगी सफाई कर्मचारी जिन्होंने सात वर्ष की सेवा पूरी कर ली है, उनको नियमित किया जाए। सभी नगर पालिका, परिषदों में रिक्त पदों को भरने के लिए एसआरओ 43 का पालन किया जाए। सफाई कर्मियों की हड़ताल के चलते कस्बे के 13 वॉर्ड, बाजारों और चौराहों में जगह-जगह गंदगी के ढेर लगे होने से लोगों की परेशानियां बढ़ गई हैं। गंदगी के ढेर लगे होने के कारण क्षेत्र के लोग भी हड़ताल के समर्थन में आ गए हैं। युवा आस्था मंडल के सदस्य राहुल लंगर ने बताया कि सफाई कर्मचारियों की आए दिन हड़ताल पर कस्बे में जगह-जगह गंदगी के ढेर लगे होने पर सरकार को चाहिए। कर्मचारियों की मांगें पूरी की जाएं, ताकि आम लोगों को गंदगी से आ रही परेशानियों को निजात मिल सके। दुकानदार विक्की गुप्ता ने बताया कि सफाई कर्मचारियों की हड़ताल से जगह-जगह गंदगी के ढेर लगने से लगातार बदबू आ रही हैं, जबकि पैदल चलने से कई परेशानियों से गुजरना पड़ा रहा है।
राकेश शर्मा ने बताया कि गलियों और बाजारों में गंदगी के ढेर से परेशान हैं। सरकार को चाहिए कि सफाई कर्मचारियों की जायजा मांगों को हल करके समस्या का समाधान किया जाए।
अखनूर सफाई कर्मचारी अध्यक्ष कोड़ा मैसी ने बताया कि शासन को कई बार कर्मचारियों की मांगों के लिए अवगत कराया जा चुका है। इसके बावजूद मांगों को हल नहीं किया जा रहा है।
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सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के चलते अखनूर कस्बे में सफाई नहीं हो रही है।
-रजत अबरोल, ईओ