तिलहन, दाल, सब्जियाों, फल, डेयरी उत्पाद और मांस की कमी दूर करेगा स्कॉस्ट जम्मू
जम्मू। शेर-ए कश्मीर एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (स्कॉस्ट) जम्मू तिलहन, दाल, सब्जियाें, फल, डेयरी उत्पाद सहित आवश्यक खाद्य पदार्थों की बढ़ती मांग को पूरा करेगा। इसके लिए विश्वविद्यालय ने कृषि व्यवस्था में पर्याप्त सुधार किया है। ये बातें वीसी प्रो. बीएन त्रिपाठी ने बाबा जित्तो सभागार में बैठक में कहीं। उन्होंने कहा कि तिलहन उत्पादन में कमी चिंताजनक है। देश वर्तमान में 60 फीसदी से अधिक वार्षिक मांग की कमी का सामना कर रहा है। जम्मू-कश्मीर में भी कुल तिलहन उत्पादन में 70 फीसदी से अधिक की कमी दर्ज की गई है। वीसी ने स्कॉस्ट में आईसीएआर की ओर से मंजूर किए गए एआईसीआरपी उपकेंद्र की भूमिका की सराहना की। उपकेंद्र को 2009 में स्थापित किया गया था। इसने क्षेत्र में रेपसीड सरसों की फसलों के दायरे और उत्पादकता में अधिक वृद्धि की है। इसका दायरा करीब 55,000 हेक्टेयर से अधिक बढ़ा और उत्पादकता 2012 में 762 किलोग्राम हेक्टेयर से बढ़कर 2022 में क्रमशः 140,000 हेक्टेयर व 1149 किलोग्राम प्रति हेक्टेयर हो गई है। कुलपति ने कहा कि हाल ही में मंजूर हुई 31 करोड़ की परियोजना प्रदेश के किसानों की तकदीर बदलेगी। संवाद