नेशनल हाईवे के साथ लगती है सब्जी मंडी, हर रोज हो 30 से 40 लाख का कारोबार
जगह की कमी के कारण किसानों और व्यापारियों को आ रही दिक्कतें
संवाद न्यूज एजेंसी
सांबा। कस्बे की सब्जी मंडी को जगह की कमी के कारण अब 40 कनाल जमीन में शिफ्ट करने की मांग उठ रही है। स्थान की कमी से किसान व व्यापारियों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
मंडी के आढ़ती बोनी, कुलबीर गुप्ता, कुंज लाल, राहुल, आमित गुप्ता, शुभम सांगडा के अनुसार जब वाहनों को मंडी के भीतर ले जाना हो तो जगह की कमी के कारण हाईवे पर ही खड़ा करना पड़ता है। इस कारण कई परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने बताया कि मंडी में हर रोज 30 से 40 लाख रुपये का कारोबार हो रहा है। इस बारे में जिला प्रशासन को कई बार समस्या से अवगत करवा चुके हैं। आढ़त एसोसिएशन के सदस्यों की मांग है की उनकी सब्जी मंडी को यहां से शिफ्ट किया जाए।
सब्जी मंडी को शिफट करने के लिए स्थानीय तहसीलदार, उपायुक्त व हार्टीकल्चर विभाग के अधिकारियों से बात हुई है। मानसर मोड के निकट 40 कनाल भूमि के बारे में उन्हें अवगत करवाया गया है।
सन्नी संबयाल, प्रधान
मंडी एसोसिएशन सांबा।
भारत-पाक बंटवारे से पहले ही सांबा में सब्जी मंडी है। पहले हाईवे के किनारों पर ही सब्जी व फल बेचे जाते थे। अब हाईवे के किनारे पर एक निजी भूमि पर मंडी चल रही है, वहां पर जगह की काफी कमी है।
माही पाल, आढ़ती
सब्जी मंडी सांबा।
सांबा की सब्जी मंडी में सीमावर्ती कस्बा राजपुरा, रैपुर, रामगढ़, नड, सुंब से किसान सब्जी लेकर उन आते हैं। बाहरी राज्यों की मंडियों से भी सब्जी के वाहन हर रोज पहुंचते हैं।
रिशु संब्याल, आढ़ती
सब्जी मंडी सांबा।
जिला प्रशासन की ओर से दो स्थानों पर भूमि को चिह्नित किया गया है। जिला प्रशासन के उच्च अधिकारियों को भी जानकारी दी गई है। आचार संहिता के चलते चुनाव के बाद ही कोई कार्रवाई होगी।
शबीर मलिक, तहसीलदार सांबा।