दोमाना। जम्मू से 25 किलोमीटर दूर मथवार ब्लॉक स्थित शौआ माता मंदिर में श्रद्धालुओं का उत्साह देखते बनता है। नवरात्र में यहां खूब रौनक होती है।
मंदिर के पुजारी सुरेंद्र शर्मा ने बताया कि 300 साल पहले बलिया राम नाम के पूर्वज को सपने में माता निहाल देवी ने दर्शन दिए थे। माता ने उन्हें बताया कि शौआ स्थित पहाड़ों पर एक गुफा में उनका स्थान है। इस पर बलिया राम ने उस गुफा को ढूंढकर वहां पूजा-अर्चना शुरू की। स्थान पर माता वैष्णो देवी सहित उनकी चार बहनें माता निहाल, माता काली, माता लक्ष्मी और माता सरस्वती की पिंडियां हैं। सड़क से 300 मीटर पैदल यात्रा करने के बाद 101 सीढि़यां चढ़कर गुफा में प्रवेश किया जाता है। नवरात्र के अलावा हर रविवार और मंगलवार को मंदिर में श्रद्धालुओं की भीड़ रहती है। गांव का नाम शौआ होने की वजह से इस मंदिर को अब शौआ वाली माता के नाम से जाना जाता है। संवाद