शहीद नीलम सिंह के पार्थिव शरीर को ले जाते सैन्य कर्मी
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राजोरी के केसरी हिल इलाके में सर्च ऑपरेशन के दौरान पांच जवान शहीद हो गए थे। उनमें जम्मू जिले के ज्यौड़ियां के गांव चक किरपालपुर (दलपत) निवासी नीलम सिंह चिब भी शामिल थे। उन्हें एलजी मनोज सिन्हा और उत्तरी कमान प्रमुख उपेंद्र द्विवेदी ने श्रद्धांजलि दी।
इसके बाद उनका पार्थिव शरीर घर भेजा गया। शहीद का शव अखनूर पहुंचने पर बड़ी संख्या में मौजूद लोगों ने बाइक रैली निकालकर भारत माता की जय और नीलम सिंह अमर रहे का नारे लगाए। बेटे की शहादत की सूचना मिलने के बाद गांव में मातम है।
शहीद नीलम सिंह सेना की नौ पैरा कमांडो में तैनात थे। शहीद का चिनाब के किनारे पर अंतिम संस्कार किया गया। शहीद नीलम सिंह के शहीद होने की खबर पहुंचते ही पूरे गांव में मातम है। कोई भी नीलम के शहीद होने की खबर परिजनों को बताने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहा था।
घर के आसपास लोगों की भीड़ देखकर परिजनों को अंदेशा होने लगा। जानकारी मिलते ही बुजुर्ग पिता, शहीद की पत्नी और बच्चे बिलखने लगे। नीलम की माता का पहले ही निधन हो चुका है। परिवार में उनके पिता गुरदेव सिंह, पत्नी बिंदु देवी, छोटा भाई अंगद सिंह, बेटी पवना देवी, बेटा अखिल सिंह हैं।