आरएस पुरा। उपजिले के सीमावर्ती गांवों में मोबाइल सिग्नल न होने से लोगों को परेशानी हो रही है। सीमांत गांव घराना के सरपंच गुरदयाल सिंह का कहना है कि सीमावर्ती क्षेत्र में मोबाइल सेवा ठप होने से ग्रामीण अपने सगे-संबंधियों से बात नहीं कर पाते। बच्चों की ऑनलाइन पढ़ाई भी प्रभावित हो रही है। सरकार को इसका समाधान करना चाहिए। कहा कि रात के समय किसी प्रकार की घटना होने पर स्थानीय पुलिस थाने में सूचना दे पाना भी मुश्किल हो जाता है। सुचेतगढ़ पंचायत के पूर्व सरपंच स्वर्ण लाल भगत ने कहा कि पहले कई लोगों ने बिना वायर के टेलीफोन सेवा प्राप्त की थी, लेकिन इसका सिग्नल कमजोर होने से कोई लाभ नहीं मिला। अब मोबाइल सिग्नल भी नहीं आता। अब्दुल्लियां गांव के पूर्व सरपंच वचन लाल का कहना है कि केंद्र सरकार डिजिटल इंडिया का ख्वाब देख रही है, लेकिन सीमावर्ती ग्रामीणों को मोबाइल सेवाएं नहीं मिल पा रही हैं। उनके गांवों में कई बार पाकिस्तान का सिग्नल आ जाता है। सुरक्षा के लिए सरकार ने सिग्नल रेंज कम की है। लोगों ने मांग की कि सरकार इस समस्या का समाधान करे।