श्रीनगर। नेकां, पीडीपी और पीपल्स कॉन्फ्रेंस ने जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख हाईकोर्ट के फैसले का स्वागत किया है, जिसमें निर्णय लिया गया कि किसी व्यक्ति को उसके परिवार के सदस्य के आतंकवाद से जुड़े होने के कारण पासपोर्ट से वंचित नहीं किया जा सकता। पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने कहा कि हाईकोर्ट का निर्णय निश्चित रूप से सही दिशा में उठाया गया कदम है। नेकां के मुख्य प्रवक्ता तनवीर सादिक ने इस फैसले को व्यक्तिगत अधिकारों और न्याय की महत्वपूर्ण पुष्टि बताया। उधर, पीपल्स कॉन्फ्रेंस के अध्यक्ष सज्जाद लोन ने उम्मीद की है कि इस तरह का एक व्यापक निर्णय जल्द ही हमारी पार्टी की याचिका के संदर्भ में जारी किया जाएगा। उनकी पार्टी ने पुलिस सत्यापन के बढ़ते दुरुपयोग को चुनौती दी थी, जिसे सामूहिक सजा के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा था। उनकी याचिका में विशेष रूप से जम्मू-कश्मीर सिविल सर्विसेज (चरित्र और पूर्ववृत्त सत्यापन) निर्देश, 1997 और 2021 के सरकारी आदेश और 2024 के परिपत्र में किए गए संशोधनों को सख्ती से लागू करने की मांग की गई है। संवाद