प्रदेश में आईएएस और जेकेएएस (महिला) अधिकारी के बीच बहस के दौरान अभद्र भाषा के इस्तेमाल का विवाद बड़ा हो गया है। मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला से महिला आयोग तक इस मामले में उतर आए हैं। प्रदेश सरकार ने शुक्रवार को मामले की जांच के आदेश जारी कर दिए हैं।
शहरी विकास विभाग की आयुक्त सचिव मनदीप कौर को मामले में जांच अधिकारी नियुक्त किया गया है। मनदीप कौर आगामी 15 दिन में जांच पूरी करने के बाद इसकी रिपोर्ट सरकार को सौंपेंगी। इसके अलावा महिला आयोग ने पूरे मामले में स्वत: संज्ञान लेते हुए जम्मू-कश्मीर के मुख्य सचिव से जवाब मांगा है।
मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने भी मामले में मुख्य सचिव को पत्र लिखा है। उन्होंने इस प्रकरण के बाद महिला जेकेएएस अधिकारी के खिलाफ किसी भी तरह की प्रतिशोधात्मक कार्रवाई न करने की बात कही है। ऑल जेएंडके जूनियर स्केल एसोसिएशन ने मामले की निष्पक्ष जांच न होने की सूरत में पेन डाउन स्ट्राइक पर जाने की बात कही है।
सचिवालय स्तर पर शुक्रवार को चले इस घटनाक्रम के अलावा बाहर कश्मीर में सक्रिय सभी राजनीतिक दल भी मामले में महिला अधिकारी के पक्ष में उतर आए हैं। यह पूरा विवाद उस समय शुरू हुआ जब श्रम एवं रोजगार विभाग के सचिव राजीव रंजन श्रीनगर स्थिति सिविल सचिवालय में ऑनलाइन विभागीय समीक्षा बैठक ले रहे थे।
बताया जा रहा है कि इस दौरान जेकेएएस महिला अधिकारी बेनीश वानी अवकाश पर होने के बावजूद घर से इस बैठक में ऑनलाइन शामिल हुई थी। दोनों अधिकारियों में पहले विवाद हुआ जो बहस में बदल गया और मामले में अभद्र भाषा का इस्तेमाल हुआ। इस पूरे प्रकरण का वीडियो वायरल होने के बाद हंगामा मच गया।