अखनूर। कोरोना वायरस से तीन हफ्ते से जारी लाँकडाऊन से केई गरीब परिवार को खाने के लाले पड़ रहे हैं।इस पर प्रशासन ने कसबों मे प्रवाशी मजदूर और गरीब परिवार में राशन वितरण किया।मगर ग्रामीण क्षेत्र में प्रशासन गरीब लोगों की मदद करने पर कोई कदय नहीं उठा रहा है।जिस पर लोगों ने प्रशासन से गुहार लगाई है ग्रामीण क्षेत्र में भी गरीब परिवार को राशन उपलब्ध करवाया जाऐ। मिली जानकारी के अनुसार सीमावर्ती क्षेत्र के कई पंचायतों में गरीब परिवार के लिए खाने के लाले पड़ है।इस पर लाँकडाऊन की वजह से प्रशासन से भी गुहार लगाने में असर्मथ है। पंचायत गडखाल, भारदा कलाँ, सौहाल, गडरावाँ, चननी, क्षेत्र की कई पंचायत सहित पहाड़ी क्षेत्र में कई गरीब परिवार और प्रवासी मजदूर परिवार शामिल हैं।जो कि खाने के लिए मोहताज होते जा रहे है।गरीब परिवार का कहना है लाँकडाऊन पर प्रशासन मात्र कसबा अखनूर, ज्यौडियां, खौड, चोकी चोहरा मे गरीब परिवार को राशन और अन्य मदद की जा रही हैं मगर ग्रामीण क्षेत्र में प्रशासन की तरफ से कोई जानकारी ही नहीं ली गई कि क्षेत्र में गरीब परिवार रोजीरोटी है भी जा नहीं।उन्होंने बताया केई परिवार के लिए खाने के लिए कुछ भी नहीं है अगर लाँकडाऊन आगे चला तो उनके आगे भूखमरी की सिथति आजाऐगी।इस पर सरकार और प्रशासन को खासतौर पर कंडी क्षेत्र के गरीब परिवार को जल्द से जल्द मदद करने की प्रक्रिया शुरू करने चाहिए।