अखनूर। नगर पालिका हाउस में कस्बे के विकास को लेकर सोमवार को हुई बैठक में जमकर हंगामा हुआ। बैठक में पार्षदों ने अमर उजाला में 18 सितंबर को आस्था पर भारी पड रहा है नगर का 60 टन कचरा शीर्षक से प्रकाशित खबर का संज्ञान लेते हुए उसे शिफ्ट करने की मांग की। इसके शिफ्ट नहीं होने पर पूर्व अध्यक्ष और एक पार्षद ने बैठक का बहिष्कार कर रोष व्यक्त किया।
सोमवार को नगर पालिका अध्यक्ष संजय सराफ की अगुवाई में हाउस की मासिक बैठक हुई। इसमें अखनूर कस्बे के 13 वार्ड में विकास हेतु चर्चा शुरू ही हुई। पूर्व चेयरमैन दीपेश सिंह और पार्षद राकेश मल्होत्रा ने अमर उजाला में कचरा डंपिंग पर प्रकाशित खबर को लेकर हाउस में हंगामा शुरू कर दिया, और हाउस में कचरा डंपिंग स्थल को शिफ्ट नहीं करने पर हाउस का बायकाट किया। दोनों ने एसडीएम और ईओ से डंपिंग स्थल को स्थानांतरित करने की मांग की।
पूर्व चेयरमैन और पार्षद दीपेश सिंह ने बताया कि एमसी के डंपिंग साइट को जलशक्ति अखनूर के पानी भरने वाले स्टेशन से किसी अन्य स्थान पर स्थानांतरित करने के लिए बार-बार अनुरोध किया गया है, लेकिन आज तक कोई गंभीरता नहीं दिखाई गई है। इस मुद्दे को नगर पालिका के अधिकारियों के संज्ञान में माध्यम से लाया गया। इस मुद्दे को फिर से नगरपालिका की बैठकों में उजागर किया गया, लेकिन आज तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है।
पार्षद राकेश मल्होत्रा ने बताया कि जिस स्थान पर डंपिंग साइट है उससे चिनाब नदी के बहुत पास है। दो बहुत लोकप्रिय मंदिर डंपिंग साइट से कुछ कदम की दूरी पर हैं, वहां एक स्कूल है। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण के ऐतिहासिक स्मारक आसपास हैं। हजारों पर्यटक अखनूर आते हैं। चूंकि यह क्षेत्र अधोहस्ताक्षरी के अधिकार क्षेत्र में आता है। इसलिए विषय को बार-बार उजागर किया जाता है। क्योंकि यह एक निर्वाचित प्रतिनिधि से जनता की अपेक्षाओं को दर्शाता है। ऐसे में एमसी को डंपिंग स्थल वहां से हटाना चाहिए।
बैठक में उपाध्यक्ष बलदेव राज, करण सिंह, सुरेंद्र शर्मा, खेमा देवी, आमिता गुप्ता आदि मौजूद थे।