फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

टाप टेन की सूची में पांच दिन भी नहीं टिक सका जुनैद सहराई

विज्ञापन
विज्ञापन
अजय मीनिया जम्मू। श्रीनगर के डाउनटाउन में मारा गया हिजबुल का कमांडर जुनैद सहराई एमबीए कर चुका है। जो हुरिर्यत नेता का पुत्र भी है। पांच दिन पहले ही सेना की तरफ से जारी की गई कश्मीर के टाप टेन आतंकियों की सूची में जुनैद का नाम भी शामिल था। हिजबुल कमांडर रियाज नायकू के मारे जाने के बाद सेना ने दस आतंकियों की सूची जारी की थी। जुनैद इस सूची में दस दिन तक भी नहीं रहा। इस सूची में पहले नंबर पर हिजबुल का कश्मीर चीफ सैफुल्लाह मीर शामिल है। रियाज के बाद सहराई का मारा जाना हिजबुल के लिए दस दिन में ही तीसरा बड़ा झटका है। इसके पहले रियाज नायकू मारा गया था। जबकि डोडा में भी हिजबुल का एक पुराना आतंकी मारा गया। जानकारी के अनुसार जुनैद 24 मार्च 2018 से कश्मीर में सक्रिय था। वह एमबीए किया हुआ है। इसलिए हिजबुल ने सहराई को कश्मीर के युवाओं को हिजबुल में शामिल करने का जिम्मा सौंपा हुआ था। वह बड़े स्तर पर युवाओं को बरगला और फुसलाकर संगठन में शामिल करता था। सहराई को मारते ही सेना ने टाप टेन की सूची का सफाया करने का काम शुरू कर दिया है। हिजबुल की टूट रही कमर लॉकडाउन के बीच हिजबुल मुजाहिदीन की सुरक्षाबलों ने कमर तोड़ कर रख दी है। लॉकडाउन में हिजबुल के कमांडर रियाज नायकू समेत कुल 15 आतंकी मारे जा चुके हैं। कश्मीर और डोडा में लॉकडाउन के दौरान कुलगाम में 4 अप्रैल, , कुपवाड़ा में 7 अप्रैल, 17 अप्रैल को कश्मीर के दो अलग अलग क्षेत्रों, 22 अप्रैल को शोपियां, कुछ दिन पहले डोडा और पुलवामा में मुठभेड़ हुई। इन मुठभेड़ों में अधिकतर हिजबुल मुजाहिदीन के आतंकी ही मारे गए हैं। स्थानीय कैडर खत्म करने की कोशिश कश्मीर में सक्रिय आतंकी संगठनों में सबसे बड़ा कैडर हिजबुल का ही है। अकेले हिजबुल मुजाहिदीन के ही कश्मीर में इस समय 120 आतंकी सक्रिय हैं। जिनकी खात्मा करने के लिए सुरक्षाबल पूरी रणनीति के तहत काम कर रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें