जम्मू। केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय श्री रणवीर परिसर में शनिवार को भूमिगत जल प्रबंधन और संरक्षण पर एक दिवसीय कार्यशाला हुई। इस दौरान विद्यार्थियों ने रैली निकालकर लोगों को जागरूक किया। कार्यक्रम में चित्रकला एवं क्विज प्रतियोगिता भी हुई। प्रो. ऋषिराज ने जलमेव जीवनाम के सिद्धांत का उल्लेख करते हुए जल संरक्षण के महत्व को पंच महाभूत और पंच कोश के साथ जोड़कर समझाया।मुख्य अतिथि केएस रावत प्रधान केंद्रीय भूजल बोर्ड ने विषय पर विशेष जानकारी दी। इस मौके पर डॉ. विवेक कुमार डॉ. प्रवीन मणि त्रिपाठी, डॉ. रेखा मिश्रा, डॉ. स्वेता सूद, डॉ. मदन सिंह, डॉ. गोपाल वर्मा आदि मौजूद रहे। संवाद