मोमबत्तियों से लगी आग, तीन घंटे की मशक्कत के बाद पाया काबू
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू/लेह। शब-ए-बरात की नमाज से कुछ घंटे पहले लगी आग से केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख की सबसे पुरानी शिया मस्जिद की इमारत राख हो गई। यह घटना रविवार शाम 6:15 बजे बाल्टी बाजार मस्जिद की है। दमकल वाहनों की मदद से तीन घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया गया। इससे निकटवर्ती इमाम बाराह और घरों सहित आसपास की संरचनाओं को नुकसान होने से बचा लिया गया।
पुलिस के अनुसार आग मोमबत्तियां जलाने से लगी थी। इनका इस्तेमाल शब-ए-बरात के मद्देनजर मस्जिद को रोशन करने के लिए किया गया था, जो मुसलमानों द्वारा शा के 14वें और 15वें दिन की मध्यरात्रि को मनाया जाता है। एलएएचडीसी कारगिल के अध्यक्ष डॉ. मोहम्मद जाफर अखून और डीसी कारगिल श्रीकांत सुसे ने अधिकारियों के साथ घटना स्थल का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया। बाल्टी बाजार मस्जिद में सीईसी ने स्थानीय निवासियों के साथ बातचीत की। मोहल्ला समिति ने छत को तत्काल अस्थायी चादरों से ढकने का अनुरोध किया है।
सीईसी ने मोहल्ला स्तर पर छोटे अग्निशामक यंत्र स्थापित करने की आश्वयकता पर जोर दिया। साथ ही बताया कि यह मामला उप राज्यपाल के समक्ष उठाया जाएगा। इस दौरान एडीसी गुलाम मोहिउद्दीन वानी, एसीआर मोहम्मद शरीफ, प्रशासक एमसी कारगिल/संयुक्त निदेशक सूचना लद्दाख इम्तियाज काचो, एएसपी नितिन यादव ने भी स्थिति का जायजा लिया।