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शमशेर का दोस्त है यूके में बैठा बलविंदर, विदेश भेजने की हुई थी बात

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जम्मू। आरएस पुरा सेक्टर में ड्रोन के जरिए भेजे गए हथियार मामले में गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ में कुछ खुुलासे हुए हैं। हालांकि शुरूआती जांच में दोनों अपने बयान बार बार बदल भी रहे हैं।
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जानकारी के अनुसार गोल गुजराल कैंप का रहने वाला आरोपी शमशेर सिंह एक निजी कंपनी में और दूसरा आरोपी डोडा निवासी चंद्र बोस बाड़ी ब्राह्मणा की एक दवा कंपनी में काम करता है। इस साजिश का मास्टरमाइंड बलविंदर सिंह जम्मू के नानक नगर का रहने वाला है। बलविंदर सिंह और शमशेर सिंह दोनों आपस में दोस्त हैं। करीब एक साल से इन दोनों की आपस में बात हो रही थी। बलविंदर सिंह से शमेशर ने यूके बुलाने को कहा था, लेकिन किसी वजह से इन दोनों में बातचीत बंद हो गई। तीन महीने पहले दोनों में फिर से बातचीत शुरू हुई। बलविंदर सिंह ने शमशेर सिंह से कहा कि उसको एक काम करना है, जिसके बदले मोटा पैसा मिलेगा और साथ ही उसे विदेश भी बुलाएगा। यह काम पाकिस्तान से ड्रोन के जरिए भेजे गए हथियारों को लाना था। हालांकि बलिंवदर ने यह नहीं बताया कि हथियार पहुंचाने कहां हैं। बलविंदर के कहने पर शमेशर सिंह राजी हो गया और उसने अपने दोस्त चंद्र बोस के साथ इस संबंधी बात की। उसे विश्वास में लिया और कहा कि उसके पास एक काम है, जिसमें मोटा पैसा मिलेगा। इसके बाद शमशेर ने बलिंवदर से बात की और कहा कि उसने अपने साथ एक साथी को तैयार कर लिया है। इसके बाद बलविंदर ने इन दोनों को बताया कि ड्रोन के जरिए हथियार भेजे गए हैं। सप्लाई लेने के लिए जाओ, लेकिन तभी ड्रोन के बारे पुलिस को पता चल गया। पुलिस चंद्र बोस और शमशेर सिंह तक भी पहुंच गई। अब इनसे आगे की पूछताछ की जा रही है।
विदेश से हो रही आतंकी साजिशें
उल्लेखनीय है कि पाकिस्तान में बैठे आतंकी हैंडलर विदेश में बैठे आतंकी समर्थकों की मदद से जम्मू में हथियारों की तस्करी करवा रहे हैं। आतंकी गतिविधियों के लिए हवाला के जरिए पैसा जमा कर रहे हैं। इसके पहले पुंछ का एक व्यक्ति जम्मू के बस स्टैंड पर लाखों रुपये की हवाला राशि के साथ पकड़ा गया था। उसको यह पैसा दिल्ली के रहने वाले कपड़ा व्यापारी ने दिया था। जो उसे विदेश में बैठे हैंडलर ने दिया था। इसके अलावा पुंछ के रहने वाले दो लोगों को दुबई से पकड़ा गया था। पूर्व मंत्री बाबू सिंह भी विदेश में रहने वाले आतंकी समर्थकों के साथ मिलकर साजिश करता पकड़ा गया था।
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ड्रोन से हथियार गिराने के मामले
में आरोपी 11 दिन की रिमांड पर
आरएस पुरा। पाकिस्तानी ड्रोन से गिराए गए हथियार मामले में पकड़े गए दोनों आरोपियों को पुलिस ने सोमवार को मुंसिफ कोर्ट में पेश कर 11 दिन के रिमांड पर लिया है। पुलिस ने उनसे पूछताछ शुरू कर दी है। संयुक्त पूछताछ भी की जाएगी, जिसमें पूरी साजिश से पर्दा उठने की उम्मीद है।
प्रारंभिक जांच में आरोपियों ने पुलिस को बताया है कि उन्होंने हथियार सीमावर्ती गांव सुचेतगढ़ से बताए गए स्थान से उठाने के बाद किसी ठिकाने पर पहुंचाने थे। वे यूरोप व पाकिस्तान में बैठे हैंडलरों के संपर्क में थे।
थाना प्रभारी आरएस पुरा पवन डोगरा का कहना है कि पुलिस द्वारा 11 दिन की रिमांड लेने पर दोनों आरोपियों से पूछताछ कर आतंकी संगठन और उनके नेटवर्क की जानकारी जुटाई जा रही है। इन दोनों आरोपियों को रिमांड पर लिए जाने के उपरांत सुरक्षा एजेंसियों के अधिकारी संयुक्त रूप से इनसे पूछताछ करेंगे। वहीं जम्मू-कश्मीर पुलिस इन दोनों आरोपियों के टेरर फंडिंग मामले के बारे में संबंध होने के बारे में भी जांच कर रही है।
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