झिड़ी मेले के छठे दिन रिकार्ड एक लाख श्रद्धालु पहुंचे। अब तक कुल छह लाख लोगों ने बाबा जित्तो के दरबार में हाजिरी लगाई है। शनिवार और रविवार को मेले में पांव रखने की भी जगह नहीं थी। दिनभर श्रद्धालुओं का आना.जाना लगा रहा। अनुमान लगाया जा रहा है कि रविवार को इससे ज्यादा भीड़ जुटेगी। इसके लिए प्रशासन की ओर से प्रबंध किए गए हैं।
देव स्थान झिड़ी रंग बिरंगी लाइट और श्रद्धालुओं की आस्था से जगमगा उठा है। मेले में युवा, बुजुर्ग और महिलाओं की भीड़ देखने को मिली है। झिड़ी मेला सात नवंबर से 16 नवंबर तक चलेगा। मंदिर की ओर जाने वाले मार्ग के दोनों ओर दुकानें सजी हुई हैं। लेजर शो और संस्कृत कार्यक्रम आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं।
टूरिज्म विभाग की ओर से लगाई गई स्क्रीन में प्रदेश की संस्कृति को दर्शाया जा रहा है। इसे देखने के लिए भीड़ एकत्रित रहती है। रविवार को दोपहर तीन बजे रुमालो राम की टीम डोगरी नृत्य और संगीत से श्रद्धालुओं को मोहित करेगी। शाम साढ़े पांच बजे से रात साढ़े नौ बजे तक प्रदेश भर से आए प्रसिद्ध गायकों द्वारा भजन गाए जाएंगे।
झिड़ी मेले में पहुंचे एलजी, बाबा जित्तो के दरबार में टेका माथा
झिड़ी मेले में उप राज्यपाल मनोज सिन्हा भी बाबा जित्तो के दरबार पर माथा टेकने पहुंचे थे। उन्होंने सरकारी विभागों और उद्यमियों द्वारा लगाए गए विभिन्न स्टालों का निरीक्षण किया। सरकारी विभागों के अधिकारियों से बातचीत भी की। किसान बोर्ड के सदस्य संजय केसर ने सरकारी जमीन पर बनाए जा रहे लंगर हाल के काम को कुछ लोगों के रोकने की भी शिकायत की।
उप राज्यपाल झिड़ी मैदान में पहुंचे। कार्यक्रम की शुरुआत से पहले उन्होंने बाबा जित्तो के चित्र के आगे दीप प्रज्ज्वलित किया। इस दौरान डोगरी कलाकारों ने रंगारंग प्रस्तुति दी। इसमें डोगरी गीत और नाटक के माध्यम से लोगों को नशे से दूर रहने का संदेश दिया गया। नुक्कड़ नाटक ने खूब तालियां बटोरीं।
डीडीसी अध्यक्ष जम्मू भारत भूषण ने उप राज्यपाल के समक्ष मांग रखी कि वैष्णो देवी कटड़ा और शिव खोड़ी मंदिर की तरह बाबा जित्तो मंदिर को भी श्राइन बोर्ड के साथ जोड़ा जाए। साथ ही झिड़ी में आने वाले दूसरे राज्यों के श्रद्धालुओं के लिए सराय बनाने की मांग की।
उप राज्यपाल मनोज सिन्हा ने कहा कि वह बोलने में नहीं काम करने में विश्वास रखते हैं। उन्होंने किसानों से आगे आने और सरकार द्वारा शुरू की गई विभिन्न योजनाओं का लाभ उठाने का आग्रह किया। उप राज्यपाल ने अधिकारियों को तीर्थयात्रियों के लिए बुनियादी सुविधाओं की स्थापना और विकास के लिए एक योजना तैयार करने के निर्देश दिए।
उन्होंने झिड़ी मेले के आयोजन के लिए जिला प्रशासन और मेला अधिकारी की कड़ी मेहनत और विशेष प्रयासों की सराहना की। एलजी ने स्टाल लगाने वालों, प्रगतिशील किसानों, बागवानों, महिला एसएचजी और संस्कृत मंत्र विचार प्रतियोगिता, डोगरा पगड़ी प्रतियोगिता, लेजर शो आदि के विजेताओं को भी सम्मानित किया।
इस मौके पर सांसद जम्मू जुगल किशोर, संभागीय आयुक्त जम्मू रमेश कुमार, एडीजीपी मुकेश सिंह, डीसी जम्मू अवनी लवासा, डीडीसी बलबीर लाल, बीडीसी सुरिंदर कुमार, एसडीएम मढ़ राजीव खजूरिया, पंचायत प्रतिनिधियों के सदस्य भी मौजूद रहे।