लद्दाख के युवाओं को घर के पास प्रबंधन की पढ़ाई का मौका देने के लिए लेह में आईआईएम जम्मू का कैंपस शुरू होने जा रहा है। इसके लिए शुक्रवार को लद्दाख प्रशासन और आईआईएम, जम्मू के बीच समझौता (एमओयू) हुआ। अक्तूबर से यहां चार साल का बीबीए ऑनर्स शुरू होगा। पहले बैच में 60 विद्यार्थियों को दाखिला मिलेगा जबकि इसके लिए करीब 600 युवाओं ने इसमें रुचि दिखाई है। कैंपस में पढ़ाई के साथ स्टार्टअप, शोध और कौशल विकास से जुड़े काम भी होंगे।
लेह स्तिथ लोक निवास में उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना की मौजूदगी में समझौते पर हस्ताक्षर हुए। आईआईएम के निदेशक प्रो. बीएस सहाय और लद्दाख प्रशासन की उच्च शिक्षा सचिव भानु प्रभा ने समझौते पर हस्ताक्षर किए। दोनों संस्थानों के बीच इस पहल पर बातचीत करीब दो महीने पहले शुरू हुई थी और इसी दौरान कैंपस की इमारत तैयार कर ली गई।
कैंपस में बीबीए के अलावा उद्यमिता, नवाचार, शोध और कौशल विकास से जुड़े कार्यक्रम भी चलेंगे। आईआईएम का उद्यमिता, नवाचार और कौशल विकास केंद्र लेह में काम करने की दिशा में आगे बढ़ेगा। स्टार्टअप, छोटे और पारिवारिक कारोबारों को कारोबार शुरू करने और आगे बढ़ाने के लिए मार्गदर्शन देने की योजना है।
इसके अलावा करियर सलाह, शिक्षकों का प्रशिक्षण और सरकारी अधिकारियों के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम भी इस साझेदारी का हिस्सा हैं। लद्दाख प्रशासन कैंपस के लिए शैक्षणिक और हॉस्टल की जगह, फर्नीचर, शिक्षकों-कर्मचारियों के रहने और परिवहन की सुविधा उपलब्ध कराएगा। यहां स्मार्ट क्लास, डिजिटल पढ़ाई और वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग जैसी सुविधाएं भी होंगी।
लेह में आईआईएम जम्मू का कैंपस शुरू होना लद्दाख की उच्च शिक्षा के लिए अहम कदम है। घर के पास पढ़ाई का विकल्प मिलने से विद्यार्थियों और उनके परिवारों को बाहर जाकर रहने, खाने और आने-जाने पर होने वाला खर्च कम करने में मदद मिलेगी।
- विनय कुमार सक्सेना, उपराज्यपाल