- कैंडल मार्च निकाल आतंकी हमलों में बलिदान होने वाले सुरक्षा बलों व जान गंवाने वाले लोगों को दी श्रद्धांजलि
- विभिन्न हिंदू संगठनों ने रणवीरेश्वर मंदिर से सिटी चौक तक निकाला मार्च, दिवंगत लोगों की आत्मिक शांति के लिए की प्रार्थना
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। नम आंखों और हाथों में मोमबत्ती लेकर रणवीरेश्वर मंदिर से लेकर सिटी चौक तक कैंडल मार्च निकाला गया और आतंकी हमलों में बलिदान होने वाले सुरक्षा बलों और जान गंवाने वाले लोगों को श्रद्धांजलि दी गई। अलग-अलग संगठनों के सदस्यों और लोगों ने इनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की। श्रद्धांजलि समारोह में हिंदू जागरण मंच, विश्व हिंदू परिषद, सनातन धर्म सभा जम्मू कश्मीर, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, भारतीय मजदूर संघ, विभिन्न सभाओं के सदस्य शामिल हुए। इस दौरान लोगों ने वीर बलिदानी अमर रहें और भारत माता की जय के नारे भी लगाए।
रणवीरेश्वर चौक में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के प्रांत संघ चालक डॉ. गौतम मैंगी ने आतंकी हमलों के बलिदानियों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि जम्मू-कश्मीर में आतंकी घटनाएं बढ़ रही हैं। आतंकी हमले नई बात नहीं है, सुरक्षा बल और सेना सतर्कता से साथ अपना काम कर रही है, लेकिन जनता को भी सतर्क रहना होगा और मुकाबला करना होगा। सिटी चौक में कैंडल मार्च के समापन से पूर्व अपने संबोधन में आरएसएस के सह प्रांत संघ चालक डॉ. विक्रांत ने कहा कि हिंदू समाज के धैर्य की परीक्षा न ली जाए। हिंदुओं ने ऐसे हमलों का पहले भी जवाब दिया है। इस समय जम्मू-कश्मीर में कई धार्मिक यात्राएं चल रही हैं और अमरनाथ यात्रा भी शुरू होने वाली है। अमरनाथ यात्रा के लिए लाखों श्रद्धालुओं ने पंजीकरण भी करवाया है, इसलिए यात्रियों की सुरक्षा प्राथमिकता के साथ होनी चाहिए।
सनातन धर्म सभा जम्मू-कश्मीर के अध्यक्ष पुरुषोत्तम दधीचि ने आतंकी हमलों की आलोचना की। कहा कि अमरनाथ यात्रा के दौरान सुरक्षा चुस्त-दुरुस्त होनी चाहिए। पीओजेके विस्थापित सेवा समिति के अध्यक्ष डॉ. दीपक कपूर ने आतंकी हमलों की निंदा करते हुए कहा कि अब समय आ गया है कि पीओके को वापस ले लिया जाए।