- ऐसे फर्जी मामलों की पहचान के लिए तीन सदस्यीय समिति गठित
- स्वास्थ्य विभाग को जम्मू संभाग से 100 के करीब आवेदन मिले
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। रक्तचाप और मधुमेह जैसी सामान्य बीमारियों का हवाला देकर चिकित्सा कर्मी तबादले और घर के पास ड्यूटी पाना चाहते हैं। स्वास्थ्य विभाग को जम्मू संभाग से ऐसे सौ के करीब कर्मचारियों ने मेडिकल ग्राउंड पर तबादले के लिए आवेदन किए हैं। इनमें जमीनी स्तर पर ऐसे मामलों की पहचान के लिए विभागीय स्तर पर तीन सदस्यीय समिति का गठन किया गया है। ऐसे मामलों पर कर्मियों से जवाब तलब किया जाएगा। ऐसे सामान्य स्तर पर 700 के करीब तबादलों के लिए आवेदन आए हैं।
समिति में डाॅ. विजय, डाॅ. ज्योति और डाॅ. भानू पठानिया शामिल हैं। समिति रिकाॅर्ड के आधार पर फर्जी मामलों की पहचान कर रही है। इनमें कइयों ने आवेदन में तर्क दिया है कि उन्हें ब्लड प्रेशर, मधुमेह जैसी बीमारियां हैं। कई ऐसे भी हैं, जिन्होंने सगे-संबंधियों के बीमार होने को आधार बनाया है। जबकि मेडिकल ग्राउंड के मामलों में गंभीर बीमारियों में हृदय, किडनी, कैंसर आदि शामिल होते हैं। इन मामलों में पैतृक स्थानों के पास ड्यूटी लगाई जाती है, ताकि वे अपना इलाज करवाने के साथ ड्यूटी आराम से दे सकें। लेकिन पिछले कुछ समय से देखा गया है कि विभागीय स्तर पर कर्मचारी छोटी-छोटी बीमारियों को आधार बनाकर तबादले और एडजेस्टमेंट करवा रहे हैं। इससे योग्य मामलों में कर्मी तबादलों से वंचित रह जाते हैं। नई व्यवस्था में हर साल अब अप्रैल में तबादलों के लिए संबंधित पोर्टल खोला जाता है, जिसमें सामान्य तबादलों के अलावा मेडिकल ग्राउंड के मामलों को एडजेस्ट किया जाता है। लेकिन स्वास्थ्य निदेशक जम्मू का पद खाली रहने से जम्मू संभाग के दस जिलों में चिकित्सा कर्मियों के तबादले नहीं हो पाए। हालांकि स्वास्थ्य निदेशालय ने सरकार को पोर्टल को दोबारा खोलने के लिए लिखा है, लेकिन अभी तक इसके लिए मंजूरी नहीं मिल पाई है।