जम्मू। पुंछ जिले में एकीकृत जल प्रबंधन कार्यक्रम के नाम पर पांच करोड़ रुपये की धोखाधड़ी करने वाले चार आरोपियों के खिलाफ प्रारंभिक आरोप पत्र पेश किया है। क्राइम ब्रांच की आर्थिक अपराध शाखा के 496 पेज के आरोप पत्र में मुख्य आरोपी सलीम युसूफ भाटी समेत चार लोगों को आरोपी बनाया गया है, जो पुंछ के रहने वाले हैं।
मुख्य आरोपी ने साथियों के साथ प्रदेश भर में जम्मू-कश्मीर बैंक की विभिन्न शाखाओं से ऋण हासिल किया। सबसे ज्यादा ऋण पुंछ जिले की जम्मू-कश्मीर बैंक की शाखाओं से लिया गया। सलीम युसूफ पहले केंद्र सरकार द्वारा प्रायोजित एकीकृत जल प्रबंधन कार्यक्रम में अस्थायी कर्मचारी था। पद का दुरुपयोग और तथ्यों को गलत तरीके से पेश कर उसने धोखाधड़ी को अंजाम दिया।
मुख्य प्रबंधक एसएंडसी डिवीजन जोनल कार्यालय जेएंडके बैंक लिमिटेड जम्मू द्वारा शिकायत दर्ज की। आरोप लगाया कि सलीम युसूफ भाटी ने जम्मू-कश्मीर बैंक शाखा लसाना, सुरनकोट-पुंछ में जल शेड समिति के निष्क्रिय खातों को अवैध रूप से सक्रिय कर दिया था। इसके बाद आरोपी ने खातों का नाम बदल दिया और विभिन्न गैर मौजूदा कर्मचारियों के लिए फर्जी वेतन प्रमाण पत्र और पुष्टिकरण पत्र तैयार कर खुद को सरकारी कर्मचारी बता करोड़ों के व्यक्तिगत ऋण, नकद क्रेडिट और कार ऋण आदि का प्रबंधन किया, जो पांच करोड़ रुपये तक था। इसके बाद जांच शुरू हुई और क्राइम ब्रांच जम्मू में एफआईआर दर्ज हुई। सभी ऋण अब जेएंडके बैंक की गैर निष्पादित संपत्ति (एनपीए) हैं। मामले में गिरफ्तार किए गए अन्य सह आरोपियों में मोहम्मद अल्ताफ निवासी अरी मेंढर, रुकसाना तबस्सुम निवासी मेंढर और जाहिदा परवीन निवासी अरी मेंढर शामिल है। जेएनएफ