फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पीडीपी को झटका: पूर्व मंत्री अब्दुल हक खान ने छोड़ी पार्टी, विधानसभा चुनाव में उत्तरी कश्मीर में पड़ेगा असर

Sun, 06 Nov 2022 02:21 AM IST
विमल शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, श्रीनगर

सार

पीडीपी के दिग्गज नेता अब्दुल हक खान के इस्तीफा देने से पार्टी की नींव और दरकने की आशंका जताई जा रही है। उत्तरी कश्मीर में हक खान का प्रभाव रहा है। माना जा रहा है कि उनके पार्टी छोड़ने से उत्तरी कश्मीर में पार्टी कमजोर होगी।
विज्ञापन
PDP President Mehbooba Mufti - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

पीडीपी को शनिवार को एक और झटका लगा। अपने विधानसभा क्षेत्र में किसी और को नामित किए जाने से नाराज पार्टी के महासचिव और पूर्व मंत्री अब्दुल हक खान ने पार्टी छोड़ दी। उन्होंने प्रदेश के वर्तमान राजनीतिक परिदृश्य को देखते हुए अपनी राजनीतिक गतिविधियों को स्थगित करने का एलान किया।

विज्ञापन


बिना किसी शर्त के उन्होंने पार्टी छोड़ते हुए कहा कि अब उनका पीडीपी से कोई संबंध नहीं है। लिहाजा उनके बयान को ही इस्तीफा मान लिया जाए। उन्होंने कहा, अगस्त 2019 के बाद बदली परिस्थितियों में उन्होंने अपनी राजनीतिक गतिविधियां पहले ही स्थगित कर दी थीं।

स्वास्थ्य और व्यक्तिगत व्यस्तताओं के कारण उन्होंने यह फैसला लिया है। चार साल पहले हुए बदलाव से जम्मू-कश्मीर के पूरे राजनीतिक हालात में बदलाव आ गया है। इस स्थिति में मेरा मानना है कि उनके लिए बहुत कुछ करने को नहीं रह गया है।
विज्ञापन


उन्होंने कभी यह महसूस नहीं किया कि राजनीति से विरत रहने का प्रचार-प्रसार किया जाए। तकनीकी रूप से वे पार्टी का हिस्सा तो रहे हैं, लेकिन पार्टी ने उनके विधानसभा क्षेत्र में उनके स्थान पर किसी और को नमित कर दिया है।

इसने कई प्रकार की अफवाहों और आशंकाओं को जन्म दिया जिससे उनके परिवार व शुभचिंतकों को दुख पहुंचा। इस प्रकार की अफवाहों पर विराम लगाने के लिए उन्होंने पार्टी से इस्तीफा को सार्वजनिक करने का फैसला किया। 

कई और छोड़ सकते हैं पार्टी

पीडीपी के दिग्गज नेता अब्दुल हक खान के इस्तीफा देने से पार्टी की नींव और दरकने की आशंका जताई जा रही है। उत्तरी कश्मीर में हक खान का प्रभाव रहा है। माना जा रहा है कि उनके पार्टी छोड़ने से उत्तरी कश्मीर में पार्टी कमजोर होगी। कुछ और नेता भी पार्टी से किनारा कर सकते हैं।

हक खान ने तब भी पार्टी नहीं छोड़ी जब पांच अगस्त 2019 को 370 हटने के बाद कई नेताओं ने एक के बाद एक कर पार्टी छोड़ दी थी। इससे पहले भी पूर्व मंत्री अल्ताफ बुखारी ने पार्टी छोड़कर नई पार्टी जम्मू-कश्मीर अपनी पार्टी का गठन किया था।

इसके साथ ही पूर्व मंत्री दिलावर मीर, रफ ी अहमद मीर, जफ र इकबाल, अब्दुल मजीद पाडर, राजा मंजूर खान, कमर हुसैन, अब्दुल रहीम राथर, जावेद हुसैन बेग, सुरिंदर चौधरी आदि ने इस्तीफा दे दिया है। 

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें