गांव नरसिंह पुरा में अति महाविष्णु यज्ञ का आयोजन, कलश यात्रा निकाली
संवाद न्यूज एजेंसी
अखनूर। गांव नरसिंह पुरा में अति महाविष्णु यज्ञ में रविवार को कथावाचक विमल आचार्य की अगुवाई में पंडितों ने मंत्रोच्चार और कंजक पूजन कर हवन किया। इसके बाद कलश यात्रा निकाली गई। भक्त चिनाब दरिया से जल भरकर पंडाल तक लाए। तब भंडारे का आयोजन हुआ।
कथावाचक ने कहा कि भविष्य को सुधारना चाहते हो तो सर्वप्रथम वर्तमान को सुधारने का प्रयास शुरू कर दें। इसके लिए कुसंग से बचो। कुसंग का प्रसंग कभी आ जाए तो सत्संग को याद करो। किसी से साथ भी आपकी दृष्टि चिपकनी नहीं चाहिए। नजर को नीची रखकर ही चलना और बोलना चाहिए। यह एक सत्संगी का प्रथम लक्षण होता है। निजी धर्म में दृढ़ता होनी है, तो मन में संकल्प करें कि आप आज किसी की निंदा नहीं करना चाहते, बुराई नहीं करना चाहते, किसी से कोई कामना नहीं करते। ईर्ष्या की आग से अपने व्यक्तित्व को न जलाएं। हमेशा पुण्य कर अच्छे रास्ते पर चल भगवान की प्राप्ति करें।
उन्होंने कहा कि गरीब और बेसहारा लोगों को दान करें, ताकि भगवान आपके घर में सुख-शांति बनाए रखें। ऐसे में हर मनुष्य को भगवान के प्रति विश्वास और आस्था लेकर चलने पर ही मनुष्य के हर दुख दूर होते हैं।