प्रदेश के औद्योगिक क्षेत्र में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय निवेश को मिलेगी गति
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। केंद्र शासित प्रदेश जम्मू कश्मीर को राष्ट्रीय एकल खिड़की प्रणाली से जोड़ दिया गया है। विकसित भारत, विकसित जम्मू कश्मीर की इस कड़ी से खासतौर पर प्रदेश के औद्योगिक क्षेत्र में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर निवेश के अवसर बढ़ेंगे। राष्ट्रीय एकल खिड़की प्रणाली पर जम्मू कश्मीर की सभी महत्वपूर्ण योजनाएं और नीतियों के देश दुनिया के लोग देख सकेंगे। जिससे जम्मू कश्मीर में व्यापार को और सरल बनाया जाएगा। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने कहा कि इस पहल से प्रदेश में व्यापार का विकास और विस्तार होगा।
जम्मू कश्मीर की एकल खिड़की प्रणाली पर मौजूदा 170 से अधिक सेवाएं लागू हैं। लेकिन राष्ट्रीय एकल खिड़की प्रणाली में जम्मू कश्मीर के शामिल होने से प्रदेश के व्यापार में बढ़ावा देने के लिए सुधार, व्यापार पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूती, कोई भौतिक संपर्क बिंदु नहीं, समय पर सेवा वितरण सुनिश्चित, मंजूरी/प्रोत्साहन के बारे में जानकारी, आवेदन की आनलाइन स्थिति, सामान्य आवेदन फार्म, अंतिम प्रमाणपत्र डाउनलोड, प्रश्न/शिकायत तंत्र, एसएमएस व ई मेल अलर्ट आदि की सुविधाएं मिलेंगी। जेएंडके सिंगल विंडो को नेशनल सिंगल विंडो सिस्टम के अलावा सर्विस प्लस, डिजिलाकर और रेपिड असेसमेंट सिस्टम के साथ एकीकृत किया गया है। जम्मू कश्मीर में निवेश को बढ़ावा देने के लिए हाल ही में निजी औद्योगिक संपदा क्षेत्र, विकास नीति 2021-30 में भी संशोधन किया गया है। इस नीति के तहत प्रतिवर्ष दो हजार कनाल भूमि निजी औद्योगिक क्षेत्र के रूप में विकसित करने का लक्ष्य रखा गया है। इसमें प्रदेश व देश का कोई भी नागरिक जम्मू कश्मीर में निजी औद्योगिक क्षेत्र में उद्योग विकसित कर सकता है, बशर्ते उसके पास 401 कनाल (पांच एकड़) या उससे अधिक जमीन होनी चाहिए। भूमि की खरीद पर स्टांप शुल्क, भूमि उपयोग परिवर्तन शुल्क और भूमि बिक्री विलेख पर पंजीकरण शुल्क की शत प्रतिशत प्रतिपूर्ति की जाएगी। जम्मू कश्मीर में निवेश करने के लिए देश विदेश की कंपनियां रुचि दिखा रही हैं, लेकिन उद्योग एवं वाणिज्य विभाग के पास पर्याप्त विकसित औद्योगिक क्षेत्र नहीं है, जिससे जमीन की कमी बनी हुई है। 2023 तक उद्योग विभाग के पास निवेश के लिए 6200 से अधिक आवेदन आए हैं, जिसमें 4600 से अधिक निवेशकों ने कश्मीर में रुचि दिखाई है। उद्योग एवं वाणिज्य विभाग जम्मू के निदेशक अरुण मन्हास ने कहा कि जम्मू कश्मीर के राष्ट्रीय एकल खिड़की प्रणाली से जुड़ने से जम्मू कश्मीर में औद्योगिक क्षेत्र का विस्तार होगा। इसमें निवेश के अवसर बढ़ेंगे। देश दुनिया में कहीं भी बैठकर कोई भी राष्ट्रीय एकल खिड़की से जम्मू कश्मीर की नीतियों से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां लेने के साथ आवेदन करके औद्योगिक प्रोत्साहन का लाभ पा सकता है।