आरएस पुरा। राजकीय महाविद्यालय में प्राचार्य प्रो.सुनील उप्पल की अध्यक्षता में हिंदी दिवस पर हिंदी और संस्कृत विभाग की ओर से कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। हिंदी साहित्य की परंपरा से छात्रों को अवगत कराने हेतु हिंदी की प्रसिद्ध रचनाओं पर आधारित ऑनलाइन प्रश्नोत्तरी का आयोजन किया गया। इसमें विभिन्न महाविद्यालयों के छात्रों ने भाग लिया।
इस अवसर पर काव्य-पाठ प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया। प्रो अनुराधा, प्रो राकेश चौधरी ने काव्य-पाठ प्रतियोगिता में निर्णायक मंडल की भूमिका निभाई। कार्यक्रम में हिंदी विभाग के अध्यक्ष प्रो. बलवान सिंह ने हिंदी को रोजगार की भाषा बताया और इसके प्रचार-प्रसार पर बल देते हुए दैनिक जीवन में हिंदी का अधिकाधिक प्रयोग करने पर बल दिया। संस्कृत विभाग के अध्यक्ष डॉ. राजेश शर्मा ने इस अवसर पर बोलते हुए हिंदी को ज्ञान और संस्कृति की संवाहक भाषा बताते हुए कहा कि हिंदी के माध्यम से प्राचीन ज्ञान-विज्ञान की विरासत को नई पीढ़ी तक पहुंचाया जा सकता है ।
महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. सुनील उप्पल ने इस उपलक्ष्य पर हिंदी भाषा और देवनागरी लिपि को वैज्ञानिक बताया। कार्यक्रम में प्रो अनुराधा प्रो. राकेश चौधरी भी उपस्थित थे। वहीं मीरां साहिब कस्बे में में समाजसेवी प्रमोद कुमार की देखरेख में हिंदी दिवस पर कार्यक्रम का आयोजन कर बच्चों को हिंदी के महत्व के बारे में जागरूक किया गया।
हिंदी बोलने और लिखने में गर्व महसूस करें
परगवाल। सीमा क्षेत्र परगवाल के गंधर्व आर्मी विद्यालय में बुधवार को मोलू बटालियन ने हिंदी दिवस के उपलक्ष्य में कार्यक्रम का आयोजन किया। इसमें काफी संख्या में स्कूली छात्रों ने भाग लिया। छात्रों के बीच निबंध प्रतियोगिता और कविता गोष्ठी आयोजित की गई, जिसमें बच्चों ने बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया।
प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान पाने वाले छात्रों को सेना की तरह से सम्मानित किया गया। हिंदी दिवस पर रोशनी डालते हुए सभी प्रतिभागियों को हिंदी दिवस की उत्पत्ति और महत्व के बारे में जागरूक करने के साथ-साथ हिंदी बोलने और लिखने में गर्व महसूस करने की बात कही गई। इस मौके पर ज्योति शर्मा डॉ. मीनू शर्मा रजिंद्र सिंह, निशी शर्मा, गोपाल शर्मा, कुलदीप सिंह समेत सेना के अधिकारी और जवान मौजूद थे। संवाद