जम्मू। धनतेरस और दिवाली के लिए मंदिरों के शहर में लोगों का खरीददारी के प्रति अधिक उत्साह है। कनक मंडी, रघुनाथ बाजार, गुम्मट, जैन बाजार, बिग बाजार और परेड सहित अन्य स्थानों पर लोग सामान खरीदने के लिए पहुंच रहे हैं।
कोरोना के दो साल बाद दिवाली पर्व पर बाजारों में खूब चहल-पहल है। दिन भर बाजारों में रौनक है। स्कूलों में दिवाली की छुट्टियां भी हो गई हैं। इसके चलते खिलौने खरीदने के लिए बच्चे भी अभिभावकों के साथ दुकानों पर पहुंच रहे हैं। उधर, ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए शुक्रवार को कई दुकानदारों ने कपड़ों की सेल लगाई, जहां छह सौ रुपये के सूट वाले कपड़े चार सौ रुपये में बिक रहे थे।
इस दौरान कुछ दुकानदार ने कहा कि कोरोना काल में दो साल आर्थिक परेशानी झेलनी पड़ी। संक्रमण की वजह से लोग परेशान थे। इस बार त्योहार पर ग्राहकों की भीड़ देखकर राहत मिली है। दुकानदारों के अनुसार दो साल पहले की तरह बिक्री तो नहीं है, फिर भी सामान बिक रहा है। अर्थ व्यवस्था को पटरी पर लौटने में दो साल लगेंगे।
चार सौ से चौदह हजार रुपये तक बिक रहीं मूर्तियां
दिवाली के लिए भगवान गणेश और माता लक्ष्मी की मूर्तियां चार सौ रुपये से चौदह हजार रुपये तक में बिक रही हैं। मूर्ति खरीदने आईं सुषमा जमवाल और उनके पति रमेश ने कहा कि दिवाली के शुभ पर्व पर मंदिर में लक्ष्मी माता की मूर्ती स्थापित की जाएगी। पारिवारिक सुख-समृद्धि के लिए माता से मन्नत मांगी थी। वहीं मिट्टी के दीये खरीदने आईं सुनीता शर्मा और आरती ने कहा कि इस साल दीये के रेट में पांच रुपये की वृद्धि हुई है। इसके अलावा डेढ़ सौ रुपये से लेकर साढ़े चार सौ तक लड़ियां बिक रही हैं।