बसंतर नदी के पुल से कुदकर बुधवार को एक युवती ने जान दे दी। हादसा दोपहर के समय हुआ। मृतका मूलरूप से पठानकोट की थी, जो जम्मू के त्रिकुटानगर साई पैलेस के पास परिवार के साथ किराये के मकान में रह रही थी।
युवती की मां बस यही कह कर रोये जा रही थी कि उसकी बेटी आत्महत्या नहीं कर सकती। पुलिस ने युवती को अस्पताल पहुंचाने वाले युवक को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार शालू हीर(21) का विमल वीर शर्मा निवासी नौनाथ घगवाल के साथ गत कुछ वर्षों से प्रेम प्रसंग चल रहा था।
दोनों शादी करना चाहते थे। युवक निजी फैक्टरी में काम करता है। बताया जाता है कि युवती की शादी अप्रैल माह में कहीं और होने वाली थी। बुधवार को वह जम्मू से सांबा आई थी। इस दौरान उसने विमल से मुलाकात की। बाद में दोनों कार से जम्मू की ओर चले।
जैसे ही कार बसंतर नदी के पुल पर पहुंची, युवती ने उससे गाड़ी को रोकने के लिए कहा। उसने कहा कि अगर वह गाड़ी नहीं रोकता है, तो वह कूद जाएगी। इस पर युवक ने कार रोक दी। गाड़ी रुकते ही युवती ने पुल से नदी में छलांग लगा दी। उसका सिर नदी में पड़े पत्थरों पर पड़ा, जिससे वह गंभीर घायल हो गई।
इसके बाद युवक ने उसे जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। युवती का मोबाइल व उसका पर्स कार के डैश बोर्ड पर पड़ा था। पुलिस ने युवक को हिरासत में लेकर मामले में पूछताछ शुरू कर दी है। साथ ही कार (जेके 21 ए 9100) को भी जब्त कर लिया है।
मृतका की मां अनीता देवी ने कहा कि उनकी बेटी आत्महत्या नहीं कर सकती। उन्होंने कहा कि उनकी बेटी रेडीमेड की दुकान पर काम करती थी और सैंपल दिखाने के लिए जगह-जगह जाती थी। बुधवार की सुबह भी उसने खाना खाया और उसने बताया कि वह सैंपल दिखाने के लिए सांबा जा रही है।
उसने बताया कि वह उसके साथ हर बात साझा करती थी, लेकिन उसने यह नहीं बताया कि वह किससे मिलने जा रही है। उन्होंने बताया कि दोपहर के समय पुलिस का फोन आया, जिसमें बताया गया कि उनकी बेटी सड़क दुर्घटना में घायल हुई है।
उन्होंने कहा कि जब अस्पताल के शवगृह के पास ले जाया गया, तो बताया गया कि उनकी बेटी की मौत हो चुकी है। उस समय मृतका के पिता काम पर गए हुए थे।