कश्मीर में पीडीडी के डेटा बेस सेंटर पर साइबर हमले के बाद छठे दिन (सोमवार) को फिर से डेटा बेस सेंटर के मुख्य सर्वर को चलाया गया। इसी सर्वर से ही पता चल सकेगा कि कितना डेटा हैक किया गया है। पांचवें दिन रविवार को बैकअप से कुछ डेटा रिकवर किया गया है। इसे मुख्य सर्वर में अपलोड किया गया है।
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इंजीनियर्स की टीम ने दावा किया है कि बैकअप डेटा को अपलोड करने का काम सफल रहा है। अब मेन सर्वर को शुरू करने के बाद ही पता चल सकेगा कि डेटा फिर से मिलता है या फिर नहीं। अगर डेटा हैक होगा तो इस पर फिर से नए सिरे से अपलोड करने पर काम शुरू होगा।
सॉफ्टवेयर हैक होने से उपभोक्ताओं, काल सेंटरों, बिजली प्रोजेक्टों से संबंधित तमाम जानकारी नहीं मिल पा रही है। एमनेस्टी स्कीम समेत बिजली बिलों की अदायगी नहीं हो पा रही। अधिशासी अभियंता नील कमल ने बताया कि डाटा रिकवर करने का काम रविवार को भी चला।
सोमवार को फिर से सर्वर को ऑन किया जाएगा। इसके बाद ही पता चल सकेगा कि बैकअप डाटा अपलोड होता है या नहीं। बता दें, बुधवार सुबह 4 बजे के आसपास साइबर हमला हुआ और जल्द ही साइबर पुलिस मौके पर पहुंच गई। साइबर पुलिस ने इस संबंध में एफआईआर दर्ज की है और तथ्यों की जांच कर रही है।