कटड़ा स्थित माता वैष्णो देवी भवन के बहुचर्चित हत्याकांड में रियासी के प्रिंसिपल सेशन जज केएस परिहार ने सन्नी शर्मा और संजीत सिंह उर्फ संजू को दोषी करार देते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई है।
दोनों ने मनोकामना भवन के असिस्टेंट मैनेजर गुरजीत सिंह की हत्या की थी। पुलिस केस के अनुसार श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड के सीईओ ने पुलिस को पत्र लिख असिस्टेंट मैनेजर गुरजीत सिंह की हत्या की सूचना दी।
पुलिस ने सूचना के आधार पर एफआईआर दर्ज की। पुलिस को जांच में पता चला कि बोर्ड के अन्य कर्मचारियों के साथ दुर्व्यवहार करने के कारण गुरजीत सिंह ने सन्नी शर्मा को डांटा था और नौकरी से बाहर कर दिया था। पुलिस ने जांच पूरी करने के बाद अदालत में चालान पेश किया।
स्टेट के पब्लिक प्रोसिक्यूटर और आरोपी के वकील केके दुबे की दलीलें सुनने के बाद प्रिंसिपल सेशन जज केके परिहार ने दोनों आरोपियों को आरपीसी की धारा 302 के तहत दोषी पाया।
अदालत का कहना था कि अभियोजन पक्ष आरोपियों के खिलाफ तमाम आरोपों को साबित करने में सफल रहा। दोनों को उम्रकैद की सजा सुनाते हुए उन्हें कोट भलवाल जेल भेजने के आदेश दिए। कोर्ट ने आगे कहा कि उम्रकैद की सजा पर बहरहाल उच्च न्यायालय द्वारा पुष्टि की जाएगी।